Thursday, 31 May 2012

विडियो में देखे- लड़कियों ने एक लड़की के कपड़े उतार कर उसका एमएमएस बनाया


विडियो में देखे- लड़कियों ने एक लड़की के कपड़े उतार कर उसका एमएमएस बनाया
शायद पहली बार ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें लड़कियों ने एक लड़की का एमएमएस बनाया। यह घटना है हरियाणा के पंचकूला की। 19 साल की कॉलेज स्टूडेंट रीना (बदला हुआ नाम) को उसी की चार सहेलियों ने पीटा और कपड़े उतार कर उसका एमएमएस बनाया। रीना की सहेलियां उससे पैसे मांग रही थीं। पैसे न मिलने पर उन्होंने रीना का एमएमएस बनाकर सर्कुलेट कर दिया। मिली जानकारी के मुताबिक पीजी हॉस्टल में रहने वाली ये लड़कियां 26 सितंबर को कार में रीना को एक सुनसान जगह पर लेकर गईं और मौज-मस्ती करने के लिए पैसे मांगने शुरू कर दिए। जब रीना उन्हें पैसे नहीं दे पाई तो लड़कियों ने रीना की पिटाई की और कपड़े उतार दिए। इस पूरी घटना को एक लड़की शूट भी कर रही थी। इस विडियो क्लिप को बाद में लड़कियों ने बांट भी दिया। घटना 26 सितंबर की है, मगर शुरू में रीना ने बदनामी के डर से किसी से इस घटना की चर्चा नहीं की। बाद में जब उसे पता चला कि उसके एमएमएस को सर्कुलेट भी कर दिया गया है तो उसने इसकी शिकायत एसीपी ऑफिस में की। वहां से शिकायत थाने पहुंची और थाने से इंस्पेक्टर ओम प्रकाश लड़की के घर गए। इंस्पेक्टर ने बाद में बताया कि लड़की अभी औपचारिक तौर पर शिकायत दर्ज नहीं कराना चाहती है। इस विडियो क्लिप में सभी लड़कियों का चेहरा साफ दिख रहा है और इसे कई न्यूज़ चैनलों पर भी दिखाया जा चुका है, फिर भी पुलिस किसी कार्रवाई से बच रही है।
शायद पहली बार ऐसा मामला सामने आया है, जिसमें लड़कियों ने एक लड़की का एमएमएस बनाया। यह घटना है हरियाणा के पंचकूला की। 19 साल की कॉलेज स्टूडेंट रीना (बदला हुआ नाम) को उसी की चार सहेलियों ने पीटा और कपड़े उतार कर उसका एमएमएस बनाया। रीना की सहेलियां उससे पैसे मांग रही थीं। पैसे न मिलने पर उन्होंने रीना का एमएमएस बनाकर सर्कुलेट कर दिया। मिली जानकारी के मुताबिक पीजी हॉस्टल में रहने वाली ये लड़कियां 26 सितंबर को कार में रीना को एक सुनसान जगह पर लेकर गईं और मौज-मस्ती करने के लिए पैसे मांगने शुरू कर दिए। जब रीना उन्हें पैसे नहीं दे पाई तो लड़कियों ने रीना की पिटाई की और कपड़े उतार दिए। इस पूरी घटना को एक लड़की शूट भी कर रही थी। इस विडियो क्लिप को बाद में लड़कियों ने बांट भी दिया। घटना 26 सितंबर की है, मगर शुरू में रीना ने बदनामी के डर से किसी से इस घटना की चर्चा नहीं की। बाद में जब उसे पता चला कि उसके एमएमएस को सर्कुलेट भी कर दिया गया है तो उसने इसकी शिकायत एसीपी ऑफिस में की। वहां से शिकायत थाने पहुंची और थाने से इंस्पेक्टर ओम प्रकाश लड़की के घर गए। इंस्पेक्टर ने बाद में बताया कि लड़की अभी औपचारिक तौर पर शिकायत दर्ज नहीं कराना चाहती है। इस विडियो क्लिप में सभी लड़कियों का चेहरा साफ दिख रहा है और इसे कई न्यूज़ चैनलों पर भी दिखाया जा चुका है, फिर भी पुलिस किसी कार्रवाई से बच रही है।

जल्द बर्बाद होना चाहते हैं तो अपनाइए ये तरीका


जल्द बर्बाद होना चाहते हैं तो अपनाइए ये तरीका
 
 मनीष कुमार (उम्र 35) पिछले दस साल से प्राइवेट फर्म में काम कर रहे हैं। स्ट्रेस और स्टैंडर्ड मेनटेन करने के लिए सिगरेट और तंबाकू का सेवन शुरू कर तो दिया लेकिन वे इसके आदी हो गए। तीन साल पहले मालूम पड़ा कि उन्हें कैंसर है, जो फर्स्ट स्टेज में था।
प्राइमरी स्टेज पर इलाज कराने में करीब दो लाख गवां दिए। असर न पड़ने पर कीमोथैरेपी और आखिर में ऑपरेशन कराना पड़ा। ऑपरेशन में 5 से 6 लाख का खर्च आया। डॉक्टर्स ने उनके लिए विशेष डाइट चार्ट बताया, जिसके लिए महीने में 50 हजार रुपए खर्च हो रहे हैं।
दस साल में उन्होंने 18 लाख रुपए कमाए, जबकि करीब 8 लाख इलाज में इनवेस्ट कर दिए। जबकि सिगरेट व तंबाकू में पिछले दस साल में 1 लाख 50 हजार खर्च किए सो अलग। शहर में ऐसे कई लोग हैं, जो जितना कमा रहे हैं, उसका दस फीसदी हिस्सा तंबाकू और सिगरेट पर इनवेस्ट कर रहे हैं।
एक्सपर्ट के मुताबिक जिस बजट को प्लांड मैनर में बनाकर आप अपनी जिंदगी को सुरक्षा दे सकते हैं, तंबाकू की लत के कारण भविष्य में वह जिंदगी को बचाने के लिए खर्च करना पड़ सकता है। फाइनेंशियल एडवाइजर अनुराग श्रीवास्तव के मुताबिक जितने रुपए युवा अपनी इस लत में खर्च करते हैं, उतने रुपए से अपना बैंक बैलेंस बनाने के साथ ही लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी, प्रॉपर्टी, हेल्थ इंश्योरेंस, कार व रिटायरमेंट के बाद के लिए इन्वेस्टमेंट पॉलिसीज आदि ले सकते हैं।
धुएं में उड़ रही टीनएज

शहर के करीब 60 फीसदी टीनएजर सिगरेट और तंबाकू के आदी हैं। युवा स्मोकिंग को फैशन और स्टेटस सिंबल के रूप में ले रहे हैं। 25 से ज्यादा सिगरेट पीने से ओरल कैंसर का खतरा और बढ़ जाता है। कैंसर रोग विशेषज्ञ डॉ.अक्षय निगम कहते हैं कि दस साल पहले तक हमारे पास दिन में 10 मरीज ही ओरल कैंसर के आते थे, लेकिन आज दिन में 40 से 50 मरीज ऐसे होते हैं, जिन्हें तंबाकू के कारण कैंसर हुआ है।


छुपकर बेच रहे गुटखा

एक अप्रैल को मध्यप्रदेश सरकार ने गुटखे की बिक्री पर रोक लगा दी है। बावजूद इसके शहर में इसकी बिक्री अभी भी जारी है। सूत्रों का कहना है कि ग्वालियर से उत्तरप्रदेश और राजस्थान के जिलों की सीमाएं जुड़ी हुई हैं, जहां से व्यापारी गुटखा लाकर चोरी- छिपे बेच रहे हैं। वहीं सिगरेट कंपनी के डिस्ट्रीब्यूटर आलोक जैन बताते हैं कि शहर में सिगरेट की प्रतिमाह बिक्री तीन करोड़ रुपए की हो रही है।


..तो ही छोड़ पाएंगे लत

स्मोकिंग और तंबाकू की लत छोड़ने के लिए सबसे ज्यादा जरूरी व्यक्ति का मेंटली स्ट्रांग होना है। नशा मुक्ति केंद्र चला रहे धीरज सोनी कहते हंैं कि अगर किसी को यह आदत छोड़नी है तो उसकी साइकोलॉजिकल काउंसिलिंग सबसे ज्यादा मैटर करती है। यदि ये मेडिकल ट्रीटमेंट की बात करें, तो ओरल मेडिसिन सबसे कारगार है। मेडिकेशन शुरू होने पर डिप्रेशन या स्लीपिंग डिसऑर्डर की शिकायत होती है।


रखें सेल्फ कंट्रोल

ऐसे लोगों से दूर रहें, जो तंबाकू का सेवन करते हैं या सिगरेट पीते हैं। कई बार इनकी स्मेल से ही लोगों को फिर से अट्रेक्शन होने लगता है।

शेड्यूल बिजी रखें ताकि इन आदतों के बारे में सोचने का समय न मिले।

सेल्फ कंट्रोल के लिए एक्सरसाइज और मेडिटेशन अच्छे हैं।


करियर डूब गया

मनोज सिंह डॉक्टर बनना चाहते थे। मेडिकल में सिलेक्शन भी हो गया। एक साल अच्छे से पढ़ाई की, लेकिन तंबाकू की लत के चलते वे हाईपरटेंशन के शिकार हो गए। बीमारी के कारण एक साल तक पढ़ाई से ब्रेक लिया। दिमाग पर ज्यादा जोर न पड़े, इसके लिए फिलहाल बीए कर रहे हैं। वे कहते हैं कि अब अपना ही कोई बिजनेस शुरू करेंगे।



जॉब छोड़नी पड़ी

विनय श्रीवास्तव 20 साल की उम्र से तंबाकू का सेवन करते आ रहे थे। यह उनका शौक मात्र था, मैनेजमेंट करके एक एमएनसी कंपनी में जॉब मिल गई।12 साल लगातार तंबाकू खाने से उन्हें कैंसर हो गया। इलाज कराने के बाद मुंह में टेढ़ापन भी आ गया। शर्म के कारण उन्होंने एमएनसी छोड़ दी और अब मात्र 10 हजार की जॉब कर रहे हैं।


जब हुआ शर्मिदा

प्राइवेट बैंक के ब्रांच मैनेजर सुनील मिश्रा (परिवर्तित नाम) पिछले 20 साल से लगातार तंबाकू खा रहे हैं। उनके अनुसार वे दिन में 15 पाउच तंबाकू लेते थे। एक दिन उनके दस साल के बेटे सुदीप ने अपने जन्मदिन पर गिफ्ट के तौर पर श्री मिश्रा से तंबाकू न खाने का प्रॉमिस लिया। बेटे की बात नकार नहीं सकते थे, इसलिए तंबाकू लेना छोड़ दिया।


चेतावनी दी तब छोड़ी

रामनिवास कहते हैं कि मुझे पिछले 20 साल से डायबिटीज है। साथ ही स्मोकिंग की भी लत पड़ गई थी। हर दो घंटे में एक सिगरेट पीता था। छह महीने पहले सीने में दर्द हुआ। जांच में पता चला कि अटैक के चांसेज हैं। डॉक्टर ने चेतावनी दी कि सिगरेट नहीं छोड़ी तो जल्द ही अटैक आ सकता है। उसी दिन से सिगरेट से तौबा कर ली।

शादी कर बनाया अश्लील एमएमएस, घर लौटकर सुनाई दुखभरी दास्तान


शादी कर बनाया अश्लील एमएमएस, घर लौटकर सुनाई दुखभरी दास्तान
 

कमला नगर थाना क्षेत्र में एक एएसआई की बेटी को धोखा देकर शादी रचाने का मामला सामने आया है। आरोपी की पहले ही दो पत्नियां हैं, इसके बाद भी उसने युवती को अपने प्रेमजाल में फंसाया और उसके साथ शादी कर एमएमएस भी बनाया।
युवक के शादीशुदा होने का पता चलने पर युवती घर लौट आई और परिजन के साथ थाने पहुंचकर आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। पुलिस लाइन, नेहरू नगर निवासी 22 वर्षीय युवती के पिता डीआरपी लाइन में एएसआई हैं। पुलिस के मुताबिक युवती का आरोप है कि रेतघाट, तलैया में रहने वाला साहिल खान (27) उसे अपने प्रेमजाल में फंसाकर बीते 23 अप्रैल को भगा ले गया।
इसके बाद दोनों ने शादी रचा ली, लेकिन कुछ दिनों बाद ही युवती को पता चला कि साहिल की पहले से दो पत्नियां हैं। उसने युवती से कोरे कागजों पर दस्तखत भी करवाए और उसका अश्लील एमएमएस भी बनाया। आरोपी की सच्चाई सामने आने के बाद युवती अपने घर लौट आई और पूरी दास्तान अपने परिजनों को बताई। फिर अपने पिता के साथ कमला नगर थाने पहुंचकर मामला दर्ज करवाया।

'मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना, मेरी लाश आप तक पहुंच जाएगी'


'मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना, मेरी लाश आप तक पहुंच जाएगी'
मैं घर छोड़कर जा रही हूं, मुझे ढूंढने की कोशिश मत करना। मेरी लाश आप लोगों तक पहुंच जाएगी। हाईस्कूल में पढ़ने वाली एक छात्रा ने घर छोड़ने से पहले छोड़े नोट में कुछ ऐसा ही जिक्र किया है।
 

बुधवार शाम वह घर छोड़कर चली गई और देर रात तक नहीं लौटी है। न्यू अशोका गार्डन निवासी 15 वर्षीय नेहा पिता हरिशंकर शर्मा कक्षा दसवीं की छात्रा है। उसकी बड़ी बहन रुक्मणी ने बताया कि बीते साल वह हाईस्कूल की परीक्षा में फेल हो गई थी।


कुछ दिनों में उसका हाईस्कूल की परीक्षा का परिणाम भी घोषित होने वाला है। बुधवार शाम करीब पांच बजे वह मंदिर से घर लौटी और तब से गायब है। संभावना जताई जा रही है कि दोबारा फेल होने के डर से उसने यह कदम उठाया है।


12000 करोड़ के बाबा: अरबों का बैंक बैलेंस, 150 करोड़ की कारें


12000 करोड़ के बाबा: अरबों का बैंक बैलेंस, 150 करोड़ की कारें 
 

गत 18 मई को में ब्रह्मलीन हुए बाबा जय गुरुदेव की संपत्ति का हिसाब-किताब लगाया जा रहा है तो आंखें चौंधिया जा रही हैं। शुरुआती आकलन के मुताबिक बाबा 12 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का साम्राज्‍य छोड़ गए हैं। बाबा टाट के वस्‍त्र धारण करने की नसीहत देते थे, लेकिन उनकी संपत्ति से ठाठ का अंदाज लगाया जा सकता है। और अब यह संपत्ति उत्‍तराधिकार विवाद को गहरा सकती है।
संपत्ति में क्‍या-क्‍या बाबा के ट्रस्ट के मथुरा में आधा दर्जन से ज्यादा बैंक शाखाओं में खाते और एफडीहैं। एसबीआइ मंडी समिति ब्रांच के चालू खाते में एक अरब रुपए जमा बताए जाते हैं। कई अरब रुपए की एफडी भी हैं। अचल संपत्ति में ज्यादातर मथुरा-दिल्ली हाईवे पर एक तरफ साधना केंद्र से जुड़ी जमीनें हैं, तो दूसरी तरफ बाबा का आश्रम है। तीन सौ बीघे जमीन पर एक आश्रम इटावा के पास खितौरा में बन रहा है। एक आकलन के मुताबिक बाबा के ट्रस्ट के पास चार हजार एकड़ से ज्यादा जमीन है। जय गुरुदेव के ट्रस्ट के नाम से मथुरा में स्कूल और पेट्रोल पंप भी हैं। बाबा के आश्रम में दुनिया की सबसे महंगी गाड़ियों का लंबा काफिलाहै। इसमें पांच करोड़ से ज्यादा कीमत की लिमोजिन गाड़ी भी है। करोड़ों की प्लेमाउथ, ओल्ड स्कोडा, मर्सडीज बेंज और बीएमडब्ल्यू सहित तमाम गाडियों की कीमत 150 करोड़ के आसपास आंकी जा रही है।
दान से आय: आश्रम को हर महीने दस-बारह लाख रुपये का दान मिलता है। इसमें पूर्णिमा, गुरू पूर्णिमा और होली के आयोजनों पर आने वाला दान शामिल नहीं है।

250 से 40000 करोड़ तक की संपत्ति वाले बाबाओं पर एक नजर


250 से 40000 करोड़ तक की संपत्ति वाले बाबाओं पर एक नजर
आज के दौर में नामी-गिरामी बाबाओं की संपत्ति का साम्राज्‍य इतना विस्‍तृत हो गया है कि जनता के बीच यह जुमला आम हो गया है, 'बाबा बनने में बड़ा फायदा है।' कुछ बाबाओं की संपत्ति पर एक नजर:
बाबा रामदेव: बाबा के ट्रस्‍ट की संपत्ति के बारे में बात करें तो पिछले वित्त वर्ष में बाबा रामदेव ने दिव्य योग मंदिर और पतंजलि योगपीठ का कुल टर्नओवर 1100 करोड़ रुपए बताया था। लेकिन इसके अलावा भी बाबा के कई प्रोजेक्ट हैं जिनपर करोड़ो रुपया लगना है। बाबा की हरिद्वार में दिव्य फार्मेसी से हर साल 50 करोड़ रुपए की आय होती है। बाबा रामदेव का 500 करोड़ की लागत से बनने वाला फूड पार्क भी आमदनी का अच्छा स्रोत है। बाबा रामदेव हर साल योग कैंप लगाते हैं जिससे हर साल कुल 25 करोड़ रुपए की कमाई होती है। इस कैंप में कुल 50,000 लोग शिरकरत करते हैं और हर व्यक्ति 5,000 रुपए रजिस्ट्रेशन फीस देता है। हर साल बाबा रामदेव की किताबों और सीडी की बिक्री से 2-3 करोड़ रुपए कमाई होती है।
बाबा रामदेव के सहयोगी आचार्य बालकृष्ण के नाम 34 कंपनियां है जिनका टर्नओवर 265 करोड़ रुपए हैं। यह जानकारी सरकार की ओर से लोकसभा में दी गई थी। बालकृष्ण उत्तराखंड में पंजीकृत 23 कंपनियों के निदेशक हैं जिनका कारोबार 94.84 करोड़ रुपए है। इसके अलावा बालकृष्ण के नाम 5 कंपनियां उत्तरप्रदेश में पंजीकृत है जिनका कुल व्यापार 5 लाख रुपए है और 4 कंपनियां दिल्ली में रजिस्टर्ड हैं जिनका कुल कारोबार 163.06 करोड़ रुपए है जबकि पश्चिम बंगाल में भी एक कंपनी है जिसका कुल व्यापार 8 करोड़ रुपए है। इसके अलावा बालकृष्ण महाराष्ट्र की एक कंपनी में भी निदेशक हैं लेकिन इसके कारोबार के बारे में कोई जानकारी नहीं है।
सत्‍य साईं बाबा: पुट्टपर्थी स्थित सत्य साईं बाबा के महाप्रयाण होने के बाद पता चला कि उनके यजुर मंदिर में 34.5 किलो सोना, 340 किलो चांदी और 1.90 करोड़ रुपए नकदी पड़ा था। बाबा के निधन के बाद मंदिर में जब पहली बार खजाने की खोज शुरू हुई तो 11.56 करोड़ रुपए, 98 किलो स्वर्णाभूषण, 307 किलो चांदी के सामान मिले थे। वहां से मिले कुल संपत्ति का ब्‍यौरा अभी भी सार्वजनिक होना बाकी है। वैसे कहा जा रहा है कि सत्‍य साईं द्वारा छोड़ी गई कुल संपत्ति का मूल्‍य 40 हजार करोड़ रुपये से भी ज्‍यादा है।

कुछ और अरबपति बाबाओं की अनुमानित संपत्तिनिर्मल बाबा का सालाना टर्नओवर - 238 करोड़ रुपए (एक इंटरव्यू में बताया)
पॉल दिनाकरण का सालाना टर्नओवर - 5000 करोड़ रुपए
श्रीश्री रविशंकर की संपत्ति - 500 करोड़ रुपए
माता अमृतानंदमयी की दौलत - करीब 400 करोड़ रुपए
आसाराम बापू का सालाना टर्नओवर - 500 करोड़ रुपए
बाबा राम रहीम की दौलत - 300 करोड़ रुपए से ज्यादा
संत मोरारी बापू की संपत्ति - 300 करोड़ रुपए
महर्षि महेश योगी के पास - 250 अरब की संपत्ति

12000 करोड़ पर झगड़ा: लाश किसी की और मौत बता दी बाबा जय गुरुदेव की?


12000 करोड़ पर झगड़ा: लाश किसी की और मौत बता दी बाबा जय गुरुदेव की?
 

बाबा जय गुरुदेव की विरासत कौन संभालेगा, इसे लेकर शुरू हुई लड़ाई अब सड़क पर आने वाली है। बाबा का त्रयोदशी संस्‍कार (तेरहवीं) और ब्रह्म भोज 30 मई को है। लेकिन इससे पहले ही उत्‍तराधिकार का विवाद गहरा रहा है। 28 मई को जंतर-मंतर पर इस सिलसिले में धरना-प्रदर्शन भी होने जा रहा है।
आरोप है कि बाबा के कुछ खास सिपहसालार गुरुदेव के विशाल साम्राज्य पर नजरें गड़ाए हुए हैं। यह साम्राज्‍य 12 हजार करोड़ रुपये का बताया जा रहा है। इसे लेकर अब संगत के बीच ही सवाल उठने लगे हैं और आरोप-प्रत्‍यारोप भी हो रहे हैं। उत्‍तराधिकार को लेकर अनुयायी दो खेमों में बंट गए हैं। एक पक्ष का मानना है कि जब बाबा ने विरासत की हिफाजत के लिए 16 मई 2007 में उन्नाव के बशीरतगंज में सत्संग के दौरान सब साफ कर दिया था, फिर उत्तराधिकार का विवाद क्यों? इन अनुयायियों के मुताबिक उस समय बाबा ने कहा था कि जो नये लोग आएंगे, और नाम लेंगे, उमाकांत तिवारी उनको नामदान देंगे। जिला संगत का बड़ा तबका तिवारी के साथ बताया जा रहा है।
पर एक अनुयायी शैलेंद्र मणि त्रिपाठी ने शनिवार को आरोप लगाया कि बाबा व संगत की अथाह संपत्ति पर कुछ लोगों की निगाह है। ये लोग बाबा के करोड़ों अनुयायियों की आस्था को ठेस पहुंचाने की साजिश रच रहे हैं। उन्‍होंने यह भी कह दिया कि बाबा के हजारों अनुयायी इस मसले पर उनके साथ हैं और वे सभी 28 मई को जंतर-मंतर पर धरना-प्रदर्शन करेंगे। त्रिपाठी ने तो बाबा की मौत पर भी सवाल उठा दिए। उन्‍होंने बाबा के पार्थिव शरीर की लंबाई तथा बाबा की बाईं नाक के ऊपर मस्सा होने-न होने आदि पर भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने इस पूरे मामले में सीबीआई जांच की मांग की है।
बाबा जय गुरुदेव के प्रमुख अनुयायियों में से एक, चरन सिंह एडवोकेट ने इन आरोपों को बेबुनियाद करार दिया है। उन्होंने कहा कि सब कुछ बाबा के आदेश के अनुसार ही हो रहा है। उत्तराधिकारी के बारे में निर्णय अभी नहीं लिया गया है। तेरहवीं के बाद ट्रस्ट की बैठक होगी, उसमें निर्णय लिया जायेगा।


विधवा को दोस्‍त बनाया और वैष्‍णो दर्शन के नाम पर रेप कर बनाया एमएमएस


विधवा को दोस्‍त बनाया और वैष्‍णो दर्शन के नाम पर रेप कर बनाया एमएमएस
कोटला मुबारकपुर थाना पुलिस ने एक युवक को विधवा को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने व उसका एमएमएस बनाने के आरोप में गिरफ्तार किया है। आरोपी का नाम रोहन है, जो मूलरूप से यूपी का रहने वाला है। पीडि़त महिला लाजपत नगर स्थित एक शोरूम में बतौर काम करती थी। वहां पर रोहन अक्सर खरीददारी के लिए आता था। दोनों के बीच दोस्ती हुई और एक दूसरे के मोबाइल नंबर ले लिए।
 

रोहन महिला को बहाने से वैष्णो देवी ले गया, जहां उसने एक होटल में न सिर्फ महिला को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया, बल्कि उसकी वीडियो क्लिपिंग भी बनाई। इस दौरान युवक ने महिला को कुछ नशीला पदार्थ भी पिलाया था। दिल्ली आने के बाद युवक ने वीडियो क्लिपिंग महिला को दिखाई और फिर उसे ब्लैकमेल कर न सिर्फ उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए, बल्कि उससे एक लाख 70 हजार रुपए भी ऐंठ लिए।



युवक की धमकियों से तंग आकर महिला ने मामले की शिकायत कोटला मुबारकपुर थाने में की। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर रोहन को गिरफ्तार कर लिया है।

ड्राइवर को सौंपी 12 हजार करोड़ की विरासत, तिवारी ने की बगावत


ड्राइवर को सौंपी 12 हजार करोड़ की विरासत, तिवारी ने की बगावत
मथुरा. बाबा जयगुरुदेव धर्म प्रचार संस्था ने बाबा के ड्राइवर पंकज यादव को उनकी 12 हजार करोड़ रुपये की संपत्ति की विरासत संभालने की जिम्‍मेदारी सौंपी है। जय गुरुदेव के फैसले का हवाला देते हुए उन्‍हें ट्रस्ट का अध्यक्ष घोषित कर दिया गया है, लेकिन इस फैसले से नामदान देने वाले उत्तराधिकारी उमेश तिवारी का गुट बगावती तेवर दिखा रहा है। स्वयं उमेश तिवारी भूमिगत हो गए हैं।
 
पंकज यादव ने बाबा को मुखाग्नि दी थी। बुधवार को बाबा की तेरहवीं थी। बाबा के भक्त फूल सिंह ने सार्वजनिक रूप से एक पत्र पढ़कर सुनाया, जो बाबा द्वारा लिखा बताया गया। पत्र के अनुसार 20 जुलाई 2010 को बाबा ने इटावा की सिविल अदालत में लिखित में दिया था कि उनके बाद पंकज को उत्तराधिकारी बनाया जाए। फूल सिंह ने ट्रस्ट प्रबंधक संतराम चौधरी, रामकृष्ण यादव दददू, चरन सिंह एडवोकेट सहित तमाम पदाधिकारियों की मौजूदगी में यह पत्र पढ़ा। इसके कुछ ही देर बाद माहौल बदलने लगा।



पंकज यादव के नाम की घोषणा होने से पहले मंदिर के ही एक ट्रस्टी के.बी. चौधरी ने मीडिया को बताया कि वर्ष 2007 में बाबा जयगुरुदेव ने उन्नाव के सत्संग में उमाकांत तिवारी को नामदान, यानी गुरुमंत्र देने के लिए अधिकृत किया था। ऐसे में पंकज का नाम बतौर उत्‍तराधिकारी घोषित होने के बाद तिवारी समर्थक लामबंद होने लगे। खुद तिवारी ने मंच से घोषणा कर दी कि वह खुद को अभी नामदान देने लायक नहीं मानते। उनका कहना था कि वह अभी ध्यान लगाएंगे और खुद को इस लायक बनायेंगे। इसके बाद से उनका कोई पता नहीं है।



पंकज को जिस तरह और जिन परिस्थितियों में उत्‍तराधिकारी घोषित किया गया, वह भी विवादित लग रहा है। चरन सिंह के मुताकि फूल सिंह जिस पत्र में पंकज को बाबा द्वारा उत्तराधिकारी घोषित करने की बात कह रहे हैं, वह इस तरह घोषणा के लिए नहीं है। उनके मुताबिक कोर्ट में विचाराधीन एक मामले के सिलसिले में बाबा ने यह जिक्र किया था।
उनके नाम की घोषणा से पहले संस्था ने भी प्रेस विज्ञप्ति जारी कर यही कहा था कि शीघ्र ही प्रबंधन समिति की बैठक बुलायी गयी है, उसी में अहम निर्णय होंगे। ऐसे में यह चर्चा भी हो रही है कि पंकज को एक खेमा मोहरे के रूप में इस्‍तेमाल कर रहा है, ताकि फिलहाल तिवारी गुट को उग्र होने से बचाया जा सके और विरासत पर उसका दबदबा बना रहे।



सूत्र यह भी बता रहे हैं कि पंकज को उत्‍तराधिकारी बनाए जाने को लेकर ट्रस्‍ट प्रबंध समिति के केवल तीन पदाधिकारी ही सहमत हैं। इनमें रामकृष्ण यादव दद्दू, चरण सिंह व संतराम चौधरी के नाम बताए जा रहे हैं। ऐसे में अभी बाबा की विरासत को लेकर खींचतान जारी रहने की आशंका है।

Wednesday, 30 May 2012

शादी का झांसा देकर होटल में किया रेप, बनाई अश्‍लील क्लिपिंग

शादी का झांसा देकर होटल में किया रेप, बनाई अश्‍लील क्लिपिंग

मुबारकपुर थाना पुलिस ने एक युवक को विधवा को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने व उसका एमएमएस बनाने के आरोप में गिरफ्तार किया है। आरोपी का नाम रोहन है, जो मूलरूप से यूपी का रहने वाला है। पीडि़त महिला लाजपत नगर स्थित एक शोरूम में बतौर काम करती थी। वहां पर रोहन अक्सर खरीददारी के लिए आता था। दोनों के बीच दोस्ती हुई और एक दूसरे के मोबाइल नंबर ले लिए। रोहन महिला को बहाने से वैष्णो देवी ले गया, जहां उसने एक होटल में न सिर्फ महिला को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म किया, बल्कि उसकी वीडियो क्लिपिंग भी बनाई।
इस दौरान युवक ने महिला को कुछ नशीला पदार्थ भी पिलाया था। दिल्ली आने के बाद युवक ने वीडियो क्लिपिंग महिला को दिखाई और फिर उसे ब्लैकमेल कर न सिर्फ उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए, बल्कि उससे एक लाख 70 हजार रुपए भी ऐंठ लिए। युवक की धमकियों से तंग आकर महिला ने मामले की शिकायत कोटला मुबारकपुर थाने में की। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर रोहन को गिरफ्तार कर लिया है।

विदेशी कॉलगर्ल के साथ हाथ लगी 'वीआईपी' ग्राहकों की लिस्ट

विदेशी कॉलगर्ल के साथ हाथ लगी 'वीआईपी' ग्राहकों की लिस्ट

क्राइम ब्रांच ने विदेशी महिलाओं द्वारा चलाए जा रहे हाई प्रोफाइल कॉल गर्ल रैकेट का भंडाफोड़ कर महिला दलाल समेत छह महिलाओं को गिरफ्तार किया है। ये सभी उज्बेकिस्तान की रहने वाली हैं, जिनकी उम्र 27 से 33 वर्ष के बीच है। यह गिरोह दक्षिणी दिल्ली के हाईप्रोफाइल इलाके में रह कर अपना धंधा चला रहा था। इन सभी के पास से लैपटॉप के साथ-साथ 'वीआईपी' ग्राहकों की एक लिस्ट भी बरामद की गई है।
गिरोह ग्राहकों की अय्याशी के लिए बेली डांस से लेकर अन्य पार्टी का आयोजन भी करता था। इस काम के लिए गिरोह की महिलाएं दिल्ली के अलावा शिमला, जयपुर, गोवा तक भी जाती थीं। गिरोह एक रात के लिए 25 हजार से लेकर एक लाख रुपए तक वसूलता था।
क्राइम ब्रांच के डीसीपी संजय कुमार जैन ने बताया कि इंस्पेक्टर आरती शर्मा की टीम में शामिल हवलदार अमित तोमर को सूचना मिली कि छतरपुर एक्सटेंशन से कुछ उज्बेकिस्तान की महिलाएं कॉल गर्ल रैकेट चला रही है ,
सूचना के आधार पर नकली ग्राहक के तौर पर पुलिस टीम के ही एक सदस्य को भेजा गया। इसके बाद 29 मई को छतरपुर फार्म हाउस के पास से छह उज्बेकिस्तानी महिलाओं को गिरफ्तार किया। इस गिरोह की सरगना की पहचान गुलनाज (33) के रूप में की गई। उसने पुलिस को बताया कि वह पिछले तीन वर्षो से दिल्ली एनसीआर क्षेत्र में देह व्यापार का धंधा चला रही है। उसने यह भी खुलासा किया कि उसने छतरपुर एक्सटेंशन में 14 हजार रुपए प्रति माह पर एक मकान किराए पर ले रखा है। वहां वह अपने साथ कुछ लड़कियों को रखती है तथा कुछ को वसंत विहार में किराए का फ्लैट दिलाया हुआ है।
वह अपने गिरोह की लड़कियों को क्लाइंट से मिलाने से लेकर उसके पास ले जाने-लाने का पूरा इंतजाम करती थी। गिरोह अपने उसूल के हिसाब से अपने पुराने क्लाइंट के रेफरेंस पर ही नए क्लाइंट को सेवा मुहैया कराता था।
एक रात के लिए एक लड़की की एवज में 20 से 25 हजार रुपए तक चार्ज किए जाते थे, इसके अलावा यदि बात बेली डांस या फिर वीकेंड पार्टी की होती तो उसके लिए एक रात के लिए एक लाख रुपए तक वसूला जाता था।
इस गिरोह से जुड़ी उज्बेकिस्तानी महिलाएं/युवतियां तीन से छह महीने के वीजा पर भारत आती थीं। इन लड़कियों को एक मुश्त रकम अदा की जाती थी, जो लाखों में होती थी। इनमें से एक महिला ऐसी है, जो यहां काफी जानी जाती है
इस महिला की शादी एक भारतीय युवक से करा दी गई थी, जिससे उसे वीजा मिलने में आसानी रहे। दिल्ली पुलिस ने इस गिरोह से जुड़े एक भारतीय दलाल की भी पहचान कर ली है, जिसकी तलाश की जा रही है। पुलिस ने इन महिलाओं से जुड़ी जानकारी उज्बेकिस्तान के दूतावास को दे दी है।





ब्वॉयफ्रेंड के सामने गिड़गिड़ाती रही गर्लफ्रेंड, प्लीज मत दो ऐसा तोहफा




ब्वॉयफ्रेंड के सामने गिड़गिड़ाती रही गर्लफ्रेंड, प्लीज मत दो ऐसा तोहफा
चाकू की नोक पर छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म किया गया है। घटना को संघर्षनगर में दो मित्रों ने अंजाम दिया। पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की है।
पीड़ित 17 वर्षीय छात्रा पारसिवनी की निवासी है। कहा जा रहा है कि वह शहर में रिश्तेदार के यहां आई हुई थी। उसी दौरान उसके 24 वर्षीय युवक से प्रेम संबंध स्थापित हुए। 19 तारीख को युवक छात्रा को शादी का झांसा देकर संघर्षनगर से भगाकर ले गया।
वहां पर उसने अपने एक मित्र के साथ चाकू की नोक पर छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म किया। उस दौरान छात्रा अपनी इज्जत की दुहाई देते हुए आरोपियों के हाथ-पैर जोड़ती रही। परंतु आरोपियों ने उसकी एक न सुनी और उसकी इज्जत को तार-तार कर दिया।
उधर छात्रा के गायब होने से परिजन भारी चिंता में थे। उन्होंने छात्रा की बहुत खोजबीन की। लेकिन उसका कहीं कुछ पता नहीं चला। छात्रा 19 तारीख से 29 तारीख तक गायब थी। कहा जा रहा है कि आरोपी उसे यहां-वहां ले जाकर उसकी अस्मत लूटते रहे।
इस बीच मंगलवार को छात्रा आरोपियों के चंगुल से भाग निकली व रिश्तेदार के घर पहुंची। जिन्हें अपनी आपबीती बताई। इसके बाद रिश्तेदार उसे थाने ले आए। पुलिस ने उसकी चिकित्सकीय जांच की है। जिसमें दुष्कर्म किए जाने की पुष्टि हुई है। देर रात को पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की है। आरोपी पुलिस की गिरफ्तर से बाहर हैं। नंदनवन थाने के उपनिरीक्षक तिलेकर ने मामले की जांच कर रहे हैं।


जून में अशोक गहलोत का जाना तय ?

असंतुष्टो का दावा बड़ा बदलाव संभव कर्नल का कद बढेगा  
बाड़मेर सीमावर्ती बाड़मेर जिले से राजनीती आंधी जून माह में उड़ेगी जो राज्य की राजनीती की दिशा और दशा दोनों बदल देगी .बाड़मेर जिले के बायतु विधानसभा क्षेत्र से विधायक कर्नल सोनाराम जो अशोक गहलोत के घुर विरोधी और असंतुष्ट नेताओं के अगुआ माने जा रहे हें ने अशोक गहलोत के खिलाफ पूरा मोर्चा खोल उनके मुख्यमंत्री रहने के मार्ग पर कांटे बिछा दिए हें मंगलवार को जयपुर में सरकार में मंत्री अशोक बेरवा के यंहा जुटे असंतुष्टो ने अशोक गहलोत के खिलाफ मोर्चा पूरी तरह खोल दिया हें कर्नल सोनाराम अपनी राजनीती ताकत बद्शाने के साथ अशोक गहलोत के लिए चुनौती बन कर उभर रहे हें सोनाराम का दावा हें की जून माह में अशोक गहलोत की विदाई तय हें गहलोत सरकार के खिलाफ चालीस विधायक जुटे हें जिनकी तादाद और अधिक बढ़ेगी पहले तो सिर्फ विधायक खिलाफ थे अब सरकार में मंत्री भी खुल कर सामने आ रहे हें .राजनीती हलको में माना जा रहा हें असंतुष्ट गतिविधियों का सञ्चालन कर रहे कर्नल को केंद्र से सरपरस्ती मिली हें जिसके कारण वे खुलकर गहलोत की खिलाफत कर रहे हें कर्नल ने कहा हें की कोंग्रेस की राजनीती में जून माह में भूचाल आयेगा .चार जून को राजस्थान से जुड़े असंतुष्ट मामलो को लेकर कोंग्रेस हाई कमान ने दिल्ली में अहम् बैठक राखी हें जिसमे ख़ास फेसला होने की संभावना हें इसी दिन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का राजनीती भविष्य तय होगा

बाहरी अभ्यर्थियों के साथ मारपीट में कई घायल

बाहरी अभ्यर्थियों के साथ मारपीट में कई घायल
बाड़मेर
तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती परीक्षा में बाड़मेर जिले में ज्यादा पद होने से कई जिलों के अभ्यर्थियों ने बाड़मेर को परीक्षा के लिए चयन किया है। दो जून को होने वाली परीक्षा को लेकर बुधवार से ही अन्य जिलों के अभ्यर्थियों के आने का सिलसिला शुरू हो गया है। बुधवार को शहर में कुछ धर्मशालाओं व सार्वजनिक स्थानों पर बाहरी जिलों के अभ्यर्थियों के साथ कुछ लोगों ने मारपीट की। जिससे इन अभ्यर्थियों में भय का माहौल व्याप्त हो गया और वापस अपने जिलों की ओर जाने का निर्णय ले रहे हैं।
अज्ञात युवकों ने की मारपीट
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्थानीय सेवा सदन धर्मशाला के आगे मोटरसाइकिलों पर सवार होकर आए करीब एक दर्जन युवकों ने बाहर से आए परीक्षार्थियों पर लाठियों व सरियों से हमला बोल दिया। हड़बड़ाहट में कुछ रेलवे की ओर भागे तो कुछ कहीं ओर, इन सबको दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया। वहीं कुछ अन्य स्थानों पर भी बाहरी अभ्यर्थियों के साथ मारपीट करने के मामले सामने आए हैं। घटना के बाद सभी अभ्यर्थी वापिस अपने जिलों की ओर जाने लगे।
घटना के बाद पुलिस ने की धर्मशालाओं की जांच:मारपीट की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को राजकीय अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद शहर कोतवाल लूण सिंह भाटी ने मय पुलिस जाब्ता शहर के होटल, ढाबों व धर्मशालाओं की जांच कर किसी भी मामले की जानकारी तुरंत पुलिस को देने के निर्देश संचालकों को दिए। वहीं एहतियातन रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड सहित सभी प्रमुख स्थानों पर पुलिस के जवानों को तैनात किया गया है।
श्रीगंगानगर के थे अभ्यर्थी
शाम को कालका एक्सप्रेस से श्रीगंगानगर व हनुमानगढ़ जिलों के कई अभ्यर्थी बाड़मेर पहुंचे, इसके बाद इन्होंने ठहरने के लिए शहर में होटल व धर्मशालाओं की ओर रूख किया। जानकारी के मुताबिक कृष्णलाल पुत्र हनुमान विश्नोई निवासी 65 एनपी (रायसिंहनगर) व नरेश कुमार पुत्र हरिसिंह निवासी हनुमानगढ़ को ज्यादा चोटें आई है। वहीं पूरणराम पुत्र किशनलाल निवासी सूरतगढ़, रविंद्र व जितेंद्र पुत्र ओमप्रकाश निवासी रायसिंहनगर, योगराज पुत्र मदनगोपाल निवासी 10 एनपी (रायसिंहनगर) को भी चोटें आई।
वर्ष 1998 में भी हुई थी मारपीट
उल्लेखनीय है कि वर्ष 1998 में हुई जिला परिषद के माध्यम से होने वाली परीक्षा में भी बाहर से आने वाले परीक्षार्थियों के साथ मारपीट के मामले घटित हुए थे। तब बड़ी तादाद में बाहरी अभ्यर्थी परीक्षा से वंचित रह गए थे। इस बार भी बड़ी संख्या में बाहरी जिलों के बेरोजगारों ने शिक्षक बनने के लिए बाड़मेर का चयन किया है। द्वितीय स्तर के लिए राज्य में सर्वाधिक 58,028 आवेदन बाड़मेर में आए, इनमें से बाड़मेर के अभ्यर्थी मात्र पांच हजार ही है।

पत्नी वियोग में ट्रेन से कट दी जान

पत्नी वियोग में ट्रेन से कट दी जान
उदयपुर। शहर के प्रतापनगर थाना क्षेत्र में एक युवक ने पत्नी के पीहर जाने से आवेश में आकर ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली।
पुलिस सूत्रों के अनुसार विजय (३५) पुत्र मनोहरलाल वाधवानी निवासी मादड़ी पुरोहितान की पत्नी पिछले दिनों पीहर गई थी। बताया जा रहा है कि इसी बात को लेकर वह नाराज चल रहा था। यह युवक अपने मामा की दुकान पर काम करता था। मंगलवार को दुकान की छुट्टी होने के कारण वह दुकान पर नहीं गया था। शाम को शराब का सेवन करने के बाद वह कॉटन मिल के पास रेलव क्रासिंग की ओर चला गया था। जहां पर उसने उदयपुर-इंदौर जाने वाली ट्रेन के सामने कूद कर आत्महत्या कर ली थी। घटना की जानकारी मिलने पर मौके पर पुलिस पहुंची तथा पुलिस ने मृतक के पास पड़े मोबाईल फोन के माध्यम से मृतक की शिनाख्त कर मृतक के परिजनों को सूचना दी। बुधवार को सेवरे पुलिस ने मृतक का पोस्टमार्टम करवा शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।

Monday, 28 May 2012

बच्चे की गला रेत कर हत्या


बच्चे की गला रेत कर हत्या

समयपुर बादली में समीर (3) की गला रेत कर हत्या कर दी गई। रविवार को उसका शव एक खेत में पड़ा मिला। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि इसके कारणों का पता नहीं चला है।  
पुलिस के मुताबिक सिरसपुर निवासी मोबिन खान एक नर्सरी में माली का काम करता है और वहीं परिवार के साथ झुग्गी में रहता है। मोबिन ने बताया कि शनिवार को खाना खाने के बाद परिवार के सभी सदस्य सो गए। सुबह जागने पर उसका बेटा समीर गायब था। मोबिन ने अपने परिचितों के यहां उसकी तलाश की, लेकिन उसका कोई अता-पता नहीं चला। इसी दौरान किसी ने नर्सरी से दूर स्थित एक खेत बच्चे के शव पड़े होने की सूचना दी। परिजनों ने घटनास्थल पर शव की पहचान समीर के रूप में की। उसे गला रेतकर मारा गया था। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को


'विरोधियों की हत्या करवा देते थे हम'


'विरोधियों की हत्या करवा देते थे हम'

सीपीएम नेता के बयान से केरल की राजनीति में उबाल तिरूवनंतपुरम। माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीएम) नेता और इडुकी के जिला सचिव एमएन मणि ने शनिवार रात को एक खुलासा किया कि वे लोग अपने राजनैतिक विरोधियों की हत्या करवा देते थे। शनिवार की रात को एक पब्लिक मीटिंग के दौरान मणि ने यह विवादित बयान दिया। हालांकि बाद में उन्होंने कहा कि उनके बयान का सही मतलब नहीं निकाला गया है। सीपीएम नेता का बयान आते ही राजनीतिक दलों में उबाल आ गया है। कांग्रेस और भाजपा ने कहा कि मणि का बयान सीपीएम की हिंसा की राजनीति को दर्शाता है। गौरतलब है कि मणि का बयान ऐसा समय

पर आया है जब सीपीएम के कुछ कार्यकर्ताओं को बागी नेता और आरएमपी नेता टीपी चंद्रशेखऱ की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। इस मुद्दे पर गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने सीपीएम को घेरा है। मोदी ने कहा कि सीपीएम का हिंसक चेहरा सामने आया है। एक नेता का इस तरह का बयान लोकतंत्र के लिए बहुत खतरनाक है। अब कहां गया नैशनल ह्यूमन राइट्स कमीशन केरल में हमारे भी कार्यकर्ता मारे जा रहे हैं।
वहीं, केरल के मुख्यमंत्री ओमान चांडी ने कानूनी कार्रवाई करने और जांच की बात कही है।

दर्दनाक मौत! गेहूं के ड्रम में मिले तीन बहनों के शव


दर्दनाक मौत! गेहूं के ड्रम में मिले तीन बहनों के शव
 

यहां से करीब दस किलोमीटर दूर ग्राम अमलेटा में तीन बालिकाओं की संदिग्ध मौत हो गई। ज्योति (12), महालक्ष्मी (8) तथा रानू (4) के शव रविवार सुबह उनकी नानी श्यामाबाई के यहां गेहूं के ड्रम में मिले।

पुलिस के अनुसार पिता परमानंद पांचाल और मां राजूबाई के मजदूरी पर चले जाने के बाद बालिकाएं शनिवार दोपहर 4 बजे नानी श्यामाबाई के यहां खेलने आई थीं। बालिकाओं को खाना परोसकर 4.30 बजे श्यामाबाई पास ही रहने वाली भतीजी रामकन्या के यहां चली गई। करीब डेढ़ घंटे बाद लौटी तो बालिकाएं घर में नहीं थीं। रात 8 बजे तक बालिकाएं नहीं मिलीं तो उन्हें ढूंढना शुरू किया। रात 2.30 बजे नामली थाने पर गुमशुदगी दर्ज करवाई।



रविवार सुबह श्यामाबाई ने आटा रखने के लिए गेहूं के ड्रम का ढक्कन खोला तो तीनों की लाश मिली। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पोस्टमार्टम की शॉर्ट रिपोर्ट के मुताबिक बालिकाओं की मौत दम घुटने से हुई है। शरीर पर चोट के निशान नहीं मिले हैं।



सवालों के घेरे में दुर्घटना : बच्चियां ड्रम में कैसे पहुंचीं



कैसे समाएंगे तीन बच्चे : दुर्घटना सवाल खड़े करती है। ड्रम में गेहूं थे। उसमें खाली जगह इतनी नहीं थी कि तीनों बालिकाएं आसानी से समा जाएं। मृतका 12 वर्षीय ज्योति की ऊंचाई करीब साढ़े तीन फीट, महालक्ष्मी की करीब पौने तीन फीट और रानू की करीब ढाई फीट है। ड्रम की ऊंचाई 35 इंच (करीब 3 फीट) है। इसमें से 14 इंच तक गेहूं थे। 25 इंच व्यास के इस ड्रम में 21 इंच जगह थी। दो फीट से कम जगह में तीनों बालिकाएं कैसे समाई यह जांच का विषय है।



परिजन को शक नहीं : बालिकाओं के पिता परमानंद और नानी श्यामाबाई से भास्कर ने चर्चा की तो दोनों का कहना था किसी से दुश्मनी नहीं है। किसी पर शक नहीं कर सकते हैं।



बेहोश कर ड्रम में डालने की शंका



यह जांच का विषय है कि बालिकाएं ड्रम के अंदर तक पहुंचीं कैसे? इसी से तय होगा। यह हत्या है या दुर्घटना। बालिकाओं के शरीर पर किसी तरह के संघर्ष के निशान नहीं हैं। उन्हें बेहोश कर ड्रम में डालने की शंका में जांच के लिए विसरा भेजा है। जांच एसडीओपी पी.आर. बरसेना को सौंपी है। -डॉ. रमनसिंह सिकरवार, एसपी रतलाम



प्रेमी के साथ भागना चाहती थी प्रेमिका, करवा दी दूसरे की हत्या

प्रेमी के साथ भागना चाहती थी प्रेमिका, करवा दी दूसरे की हत्या

 एक युवक ने एक प्रेमिका के साथ रहने की खातिर दूसरी प्रेमिका को मारकर जला डाला। वारदात का षड्यंत्र उसकी पहली प्रेमिका ने ही रचा। दोनों वारदात करके फरार हो गए। इन्हें पुलिस ने गुजरात के वडोदरा से शनिवार को गिरफ्तार किया।
मामले की जांच कर रहे पुलिस उपाधीक्षक नितेश आर्य ने बताया कि 18 मई को सांडवा थाने में नोड़िया के मानाराम पुत्र केसराराम जाट ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि 17 मई की रात उसकी पुत्री सीता को दहेज लोभियों ने जला डाला। इसका आरोप ससुर लिखमाराम, पति ओमप्रकाश व जेठ मनोज पर लगाया।
पुलिस जांच में पता चला कि सीता का जोगलसर निवासी नरसीराम पुत्र रतनाराम प्रजापत के साथ डेढ़ साल से संपर्क था। सीता और नरसीराम ने घर से फरार होकर साथ रहना तय किया। फरार होने के बाद पुलिस से बचने के लिए सीता ने नरसी को सलाह दी कि किसी अन्य महिला को ढाणी में लाकर उसे जला कर मार दें।
इससे परिजन व पुलिस सीता को मृत मान लेगी। इसके बाद नरसी ने बीदासर कस्बे की विवाहिता राजू देवी (30) पत्नी नारायणराम प्रजापत को फंसाया। छह महीने तक दोनों संपर्क में रहे। 17 मई को नरसी ने राजू देवी को अपने पास बुला लिया। इस संबंध में 20 मई को राजूदेवी के पिता ने छापर थाने में पुत्री की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करवाई थी। राजूदेवी की नरसी ने हत्या कर सीता के साथ मिलकर जला दिया। पुलिस ने मामले की गुत्थी तीनों की कॉल डिटेल से सुलझाई।

गेडाप गांव की ढाणी में ले गया। जहां पहले से मौजूद सीता के साथ मिलकर उन्होंने ढाणी के पास बने छप्पर समेत शव को जला दिया। मामले का खुलासा मोबाइल फोन की कॉल डिटेल से हुआ। पुलिस ने सीता, नरसीराम और राजूदेवी के कॉल डिटेल की जांच की तो मामले का खुलासा होता चला गया।
के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाली। पता चला कि वारदात से पूर्व सीता की एक मोबाइल नंबर पर कई बार बात हुई है। उक्तनंबरों की जांच करने पर सिम नोखा तहसील के सोमलसर के नारायणराम के नाम जारी होना पाई गई। पुलिस ने नारायणराम से पूछताछ की।
उसने बताया कि उसकी यह सिम चार साल पहले खो गई। इसका उपयोग कौन कर रहा है वह नहीं जानता। पुलिस ने उक्त नंबरों की कॉल डिटेल पुन: खंगाली तो उसी नंबर से बीदासर की राजूदेवी व एक अन्य लड़की को भी कई बार कॉल किए गए थे। बाद में पुलिस ने उस अन्य लड़की से पूछताछ की।



उसने पुलिस को बताया कि गिरधारी नाम के युवक ने उसे यह नंबर दिए थे। पुलिस ने गिरधारी से पूछताछ की। पता चला कि यह नंबर जोगलसर गांव के नरसीराम प्रजापत के पास है। पुलिस ने उक्त नंबरों की लोकेशन ली। यह गुजरात के बड़ौदा शहर में होना पाया गया। कॉल डिटेल के आधार पर बढ़ रही पुलिस ने आखिरकार बड़ौदा में दबिश देकर वहां एक किराए के मकान में रह रहे नरसीराम व सीता को गिरफ्तार कर लिया। इन्हें सोमवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।



Thursday, 24 May 2012

पेट्रोल बम फटने से जूनियर जर्नलिस्टों पर यह पड़ेगा असर..

पेट्रोल बम फटने से जूनियर जर्नलिस्टों पर यह पड़ेगा असर..
 

पेट्रोल लगभग अस्सी रुपये लीटर हो गया. सब चैनलों ने खबरें चलाई. खूब चलाई. देर रात तक पत्रकार पी2सी मारता हुआ कमोवेश हर चैनल पर नज़र आ रहा था. लेकिन क्या किसी मालिकान ने सोचा कि इस पेट्रोल का सबसे ज्यादा असर मीडिया पर ही पड़ेगा. क्योंकि आज की तिथि में जो पत्रकार लगभग 5000 रुपये के वेतन पर कार्यरत हैं सबसे ज्यादा दिक्कत उसको ही आती है. क्योंकि वो जैसे-तैसे 70 रुपये के भाव में गाड़ी चला रहा था, लेकिन एकदम अस्सी के पास तेल पहुँच जाने से सबसे ज्यादा चोट पत्रकार को ही लगी है. मार्केट में खबर है कि कांग्रेस जाने को है इसलिए अपनी औकात दिखा रही है. अब चर्चा यह है कि सरकार एलपीजी पर भी देने वाली सब्सिडी ख़त्‍म करने जा रही है, जिसके चलते सिलेंडर भी अब लगभग 800 में ही मिलेगा.

खैर, पब्लिक से यूं कहिये कि कांग्रेस ने कह दिया है कि हम तो डूबेंगे सनम तुम्हे भी ले डूबेंगे, जिसके चलते अगले 2 सालों में पेट्रोल 100 का आंकड़ा छू सकता है व और भी कई तरह की परेशानियां बढ़ सकती है. कांग्रेस का अंग्रेजी युवराज 5000 से ज्‍यादा का रीबाक का जूता पहनता है, लेकिन कई पत्रकारों को पांच हजार की तनख्वाह नहीं मिलती. काफी समय से यह देखा गया है कि एक आम आदमी भी झट से कह देता है कि मीडिया वाला दलाली कर लेता होगा लेकिन आज की तिथि में दलाली भी संभव नहीं है, क्योंकि हर वर्ग का अधिकारी भी समझ चुका है कि अब मीडिया की तव्वजो नहीं है. अगर एक अखबार नकरात्मक खबर दिखायेगा तो दूसरा सकरात्मक दिखाने के लिए तैयार है. बड़े दौर में आज भले ही राजीव शुक्ल, आलोक मेहता, प्रभु चावला जैसे पत्रकारों को दलालों की उपमा दे दी जाती है, लेकिन आज वह अपने बच्चों का लालन पालन करने में तो समर्थ हैं, पर शायद वह भी यह भूल गए हैं कि सरकार की गलत नीतियों के चलते 5000 की तनख्वाह वाला पत्रकार ख़त्‍म हो चला है. लेकिन उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता वो तो अपनी मस्ती रमे हैं. परन्तु महंगाई की यह मार पत्रकार पर बहुत नज़र आ रही है.

आज के दौर में सम्बन्ध बनाकर काम निकालना भी आसान नहीं हैं क्योंकि इस लाइन में वह भी ब्यूरोचीफ़ बने हुए घूम रहे हैं जो कि महज पांचवीं पास हैं व पत्रकारिता से उनका कोई सरोकार नहीं है. शायद यही कारण है कि पिछले 5 साल से इस लाइन में से कई ईमानदार पत्रकार पलायन कर गए व अब भी पलायन का दौर जारी हैं, जिसके चलते आज हर पुराना पत्रकार यही कहता हुआ नज़र आता है कि भाई इस लाइन में कुछ नहीं है. कारण है कि भडुए व दलाल इस लाइन में प्रवेश कर गए हैं जो कि मीडिया का नाम बदनाम करने पर आमादा हैं, जल्दी इमानदार पत्रकारों को इन दलाल व भडुए पत्रकारों के खिलाफ एक मुहिम चलानी होगी, तभी मीडिया लाइन में से इस गन्दगी का सफाया होगा.

कच्‍ची उम्र में ही 'सबकुछ' जानने की ललक


कच्‍ची उम्र में ही 'सबकुछ' जानने की ललक रिलेशनशिप
वैसे तो विपरीत सेक्‍स के प्रति आकर्षण एक सामान्‍य-सी बात है, पर मामला तब ज्‍यादा गंभीर हो जाता है, जब कई किशोर कच्‍ची उम्र में ही सबकुछ जान और पा लेने की चाहत रखने लगते हैं.

कम उम्र में व्‍यक्ति न तो शारीरिक रूप से और न ही मानसिक तौर पर संबंध कायम करने के लिए फिट हो पाता है. ऐसे में यह अभिभावकों की पूरी जिम्‍मेदारी है कि वे संतानों को इस बारे में उचित बातें बताएं.

वैसे, एक अध्‍ययन में बताया गया है कि अब लोग काफी छोटी अवस्‍था में ही काम-वासना भड़काने वाली सामग्री देखना शुरू कर देते हैं.

भारतीय मूल के मनोवैज्ञानिकों के एक अध्ययन में बताया गया है कि 11 से 13 साल की उम्र से ही लोग इंटरनेट पर अश्लील सामग्री देखना शुरू कर देते हैं.
एबीसी की रिपोर्ट में कहा गया है कि सिडनी विश्वविद्यालय के मेडिसिन विभाग में कार्यरत भारतीय मूल के मनोवैज्ञानिक राज सिथार्थन और उनकी पत्नी गोमाथी सिथार्थन ने 800 लोगों के बीच सर्वेक्षण किया.

सर्वेक्षण के अनुसार इंटरनेट पर अश्लील सामग्री देखने वाले लोगों में से 80 फीसदी पुरुष थे.

महिलाओं पर बरसा कांस्टेबल का कहर, घर में घुसकर मारपीट कर फाड़ दिए कपड़े!

महिलाओं पर बरसा कांस्टेबल का कहर, घर में घुसकर मारपीट कर फाड़ दिए कपड़े!
पाली/जोधपुर.सादड़ी थाना क्षेत्र के लालराई गांव में कांस्टेबल द्वारा एक परिवार की महिलाओं से बेरहमी से मारपीट तथा उनके कपड़े फाड़ बदसलूकी का मामला सामने आया है। आरोप है कि मारपीट के बाद आरोपी कांस्टेबल व उसके परिवार के लोग आए दिन पीडि़त परिवार को धमका रहे हैं। जिसके कारण वे लोग दहशतजदा परिवार घर से बाहर निकलने से कतरा रहे हैं।

मंगलवार को पीडि़त पक्ष को लेकर समाज के लोग पाली पहुंचे और एसपी से मिल आप बीती सुनाई। उनका कहना था कि कांस्टेबल के इशारे पर उसके परिवार के लोग आए दिन उनको धमका रहे है, जिसके कारण वे गांव से पलायन करने को मजबूर है। आरोपी कांस्टेबल एएसपी कार्यालय बाली में तैनात है। एसपी केबी वंदना ने उसे वहां से हटा कर पुलिस लाइन में भेजा दिया, लेकिन वह घटना के बाद डयूटी पर नहीं पहुंचा है। एसपी ने आरोपी कांस्टेबल को गिर तार करने के लिए टीमें गठित की है।


यह है पूरा मामला

लालराई गांव का राजूसिंह राजपूत पेशे से कांस्टेबल है, जो एएसपी कार्यालय बाली में तैनात है। गांव में रहने वाले ओगडऱाम माली के परिवार से कांस्टेबल की किसी बात को लेकर विवाद चल रहा है। गत 19 मई की रात साढ़े आठ बजे आरोपी कांस्टेबल राजूसिंह राजपूत अपने गांव में ओगडऱाम माली के घर पहुंचा। आरोप है कि आरोपी ने घर पर मौजूद ओगडऱाम की पत्नी कमला देवी व उसकी दोनों पुत्रवधुओं से मारपीट की तथा उनके कपड़े फाड़ दिए।


महिलाओं की चीख पुकार सुन आसपास के लोग वहां पहुंचे तो आरोपी मौके से भाग गया। आरोप है कि कुछ देर बाद आरोपी अपने परिवार के लोगों के साथ फिर वहां पहुंचा और ओगडऱाम माली व उसके परिवार वालों को धमकाया। इस संबंध में ओगडऱाम की पत्नी ने सादड़ी थाने में कांस्टेबल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया, लेकिन आरोपी परिवार को धमका रहे है। घटना 19 मई की है, जिसके बाद से पीडि़त परिवार घर से बाहर नहीं निकल रहे थे। 11 मई को समाज के लोग पीडि़त परिवार को लेकर एसपी के पास पहुंचे और सारी घटना बताई।

हवस के अंधे को 8 साल के बच्‍चे पर नहीं आई दया, किया कुकर्म

हवस के अंधे को 8 साल के बच्‍चे पर नहीं आई दया, किया कुकर्म.

शहर के समीप बेदला इलाके में 8 साल के बच्चे के साथ अप्राकृतिक यौनाचार का मामला सामने आया है। बच्चा अपने घर की छत पर पतंग उड़ा रहा था तभी पतंग घर के पीछे बने बाड़े में चली गई। बच्चा यह पतंग उठाने गया था कि वहां पर गांव के ही एक युवक ने उसे धर दबोचा और उससे अप्राकृतिक यौन संबंध बनाए।

कुछ देर तक बच्चा वहीं पड़ा कराहता रहा, स्थिति संभलने पर घर जाकर उसने परिजनों को पूरा मामला बताया।आमिर खान के शो सत्यमेव जयते में बाल यौन दुराचार का मामला उठाने पर अब लोग खुल कर अपने बच्चों को इस बारे में जानकारी दे रहे हैं और उन्हें सजग रहने को कह रहे हैं। लेकिन इन सब के बावजूद बच्चों के खिलाफ हो रहे इस तरह के अपराध के कई मामले सामने आ रहे हैं। पुलिस के अनुसार बेदला के तेजसिंह सांखला के 8 साल के बेटे के साथ यह कुकृत्य किया गया है।

तेजसिंह ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज करवाई है कि उसका बेटा छत पर पतंग उड़ा रहा था कि डोर टूटने पर पतंग लेने के लिए पास ही बाड़े में गया। इस दौरान वहां आरोपी विवेक पुत्र रमेश खटीक ने मासूम को रोक उसके साथ अप्राकृतिक यौन संबंध बनाए। इस दौरान बच्चा चिल्लाया तो आरोपी भाग गया। परिवार को जब इस अपराध का पता चला तो वे आरोपी के घर शिकायत करने पहुंचे। इस पर आरोपी के रिश्तेदारों ने बच्चे के पिता व भाई से मारपीट की। पुलिस ने बच्चे का मेडिकल कराया है और आरोपी की तलाश कर रही है।

मां के कहने पर 13 वर्षीय बेटी का आरोप- अकेली देख पिता ने उतरवाए कपड़े!

मां के कहने पर 13 वर्षीय बेटी का आरोप- अकेली देख पिता ने उतरवाए कपड़े!  

पाली/जोधपुर.मां के बहकावे में आकर एक बेटी ने अपने सौतेली पिता पर यौन शोषण का आरोप लगा दिया लेकिन जब मामले की जांच की गई तो मामला कुछ और ही निकला। पति-पत्नी के बीच किसी बात को लेकर हुए झगड़े से नाराज होकर एक महिला ने अपनी नाबालिग बेटी को आगे कर ऐसी झूठी कहानी गढ़ दी, जिसको सुन कर मानवता भी शर्मसार हो जाए। मां के कहने पर 13 साल की बच्ची ने कलेक्टर के सामने आरोप लगाया कि घर में अकेली देख पिता ने उसको कपड़े उतारने पर मजबूर किया। मामले की गंभीरता को समझते हुए पुलिस ने जांच की तो घटना सफेद झूठ निकली।



जानकारी के अनुसार देवली गांव की एक महिला अपने दूसरे पति के साथ रहती है। पहली शादी से उसे 13 साल की एक पुत्री भी है, जो उसके साथ ही रहती है। यह महिला पाली में आकर कलेक्टर से मिली और परिवाद देकर आरोप लगाया कि उसका पति अकसर उसके साथ मारपीट करता है। अपनी पुत्री के साथ आई महिला ने आरोप लगाया कि 20 मई की रात को घर पर उसकी पुत्री अकेली थी। उस समय उसके पति ने उसके साथ बदसलूकी कर उसके कपड़े उतरवाएं। उसकी नाबालिग पुत्री ने भी यही बात कही।



कलेक्टर ने एसपी से मामले की जांच को कहा। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी ने मुकदमा दर्ज कर जांच के आदेश दिए। बालिका की रिपोर्ट पर एफआईआर दर्ज कर मंगलवार की शाम को पुलिस दल जांच के लिए गांव में पहुंचा। देर रात तक पुलिस ने घटनाक्रम से जुड़े हर व्यक्ति के बयान लिए तो पता चला कि 20 मई की रात को पति-पत्नी में झगड़ा जरूर हुआ था। महिला पुलिसकर्मियों की मदद से बालिका से पूछताछ की गई तो उसने ऐसी किसी घटना से इंकार कर दिया।



बालिका ने यह भी बताया कि उसने अपनी मां के कहने पर ही उसने सौतेले पिता द्वारा सताए जाने की बात कही थी। पुलिस ने महिला से भी फिर पूछताछ की तो असलियत का पता चल गया। तब जाकर पूरे घटनाक्रम का पता चला। मारवाड़ जंक्शन एसएचओ देवेंद्र कच्छवाह ने बताया कि मामले की पूरी तरह जांच कर ली गई है, जिसमें यह खुलासा हुआ है कि पति-पत्नी के बीच हुए झगड़े में सबक सीखाने के लिए महिला ने ही इस तरह की झूठी कहानी गढ़ी थी।

सेक्स की एक सनसनी ने तबाह कर दिया कई नेताओं का भविष्य !


सेक्स की एक सनसनी ने तबाह कर दिया कई नेताओं का भविष्य !
 
राजस्थान के जोधपुर के उपखंड बिलाड़ा के एक उप स्वास्थ्य केंद्र में काम करने वाली एक एएनएम अचानक गायब हुई और धीरे-धीरे एक रहस्य बन गई,सारा पुलिस प्रशासन इसे ढूंढने में लग गया लेकिन सारे प्रयास बिफल रहे पुलिस उसे खोज पाना तो दूर उसके बारे कोई सुराग भी नहीं तलाश पाई, अंततः एक सितंबर को गायब हुई इस एएनएम ‘भंवरी देवी’ की जांच 14 सितंबर को सीबीआई को सौंप दी गई|

सीबीआई इस मामले में तीन महीने तक हाथ पैर मारती रही लेकिन भंवरी देवी का सुराग लगाने में नाकाम रही, इस बीच तमाम तरह की अफवाहों से माहौल गर्माता रहा लेकिन भंवरी कहां है और किस हाल में है यह जानकारी जुटाने में सीबीआई भी नाकाम रही जबकि इस मामले में आरोपियों शहबुद्दीन और सोहनलाल को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी थी लेकिन पुलिस और सीबीआई दोनों ही उनसे मुंह ना खुलवा पाई|

इस दौरान जब सीबीआई को कुछ ऑडियो-वीडियो सीडी मिलीं तो मामला और गरमा गया, फिर सीबीआई के हाथ वह सीडी लगी जो भंवरी देवी और राजस्थान सरकार में मंत्री रहे महिपाल मदेरणा के अन्तरंग दृश्यों से भरपूर है जिसके मिलते ही माना जा रहा था कि अब भंवरी देवी के रहस्य से पर्दा उठ जायेगा लेकिन इससे सिर्फ राजनीतिक गतिविधियां ही तेज़ हुईं।

यहां तक कि राजस्थान सरकार का पूरा महकमा ही बदल गया।किसी ने कल्पना भी नहीं की होगी कि एक एएनएम का अपहरण की आग की आंच सरकार को इस हद तक झुलसा देगी कि उसका पूरा का पूरा तंत्र ही हिल जायेगा।

सीबीआई लगातार अपनी जांच में लगी रही लेकिन किसी भी उपर्युक्त निर्णय तक नहीं पहुंच पाई आखिर हाईकोर्ट ने सीबीआई को फटकार लगाई कि वो 24 नवंबर तक हर हाल में पता लगाए कि भंवरी देवी का क्या हुआ और वह कहां है,अंततः 24 नवंबर को सीबीआई ने बिना किसी सबूत के हाईकोर्ट को बताया कि भंवरी देवी की हत्या हो चुकी है।

3 दिसंबर को 42 पेज की एक चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की, जिसमे पूर्व मंत्री महिपाल सिंह मदेरणा, लूणी विधायक मलखान सिंह के भाई परसराम विश्नोई और सही राम को भंवरी देवी की हत्या की साजिश में शामिल होना बताया|
इसके बाद सीबीआई ने महिपाल मदेरणा को गिरफ्त में ले लिया और ज़ल्द ही तीन और आरोपियों सोहनलाल,शहबुद्धीन और बलदेव राम के खिलाफ भी चार्ज शीट दाखिल की| पूर्व मंत्री मदेरणा की गिरफ़्तारी के बाद तो जैसे इस मामले की परतों पर परतें खुलती गईं और जहां सीबीआई भंवरी मामले में सबूत तलाश कर रही थी वहीँ भंवरी देवी का पति अमरचंद भी सलाखों के पीछे पहुंच गया, और चौंकाने वाले खुलासे सामने आये।

सबसे बड़ा खुलासा यह हुआ कि लूणी विधायक मलखान सिंह विश्नोई के सम्बन्ध भी भंवरी देवी से रहे हैं और भंवरी देवी की छोटी बेटी अमरचंद की ना होकर मलखान सिंह की है, और इसके बाद सीबीआई मलखान सिंह की तलाश में लग गई और काफी मशक्कतों के बाद सीबीआई ने उसे फंदे में ले ही लिया,और मलखान ने भी यह बात स्वीकार कर ली कि हां उसके भंवरी देवी से पुराने सम्बन्ध थे! इस प्रकार भंवरी मामला सिर्फ राजस्थान ही नहीं अपितु पूरे देश में एक रहस्मयी कहानी की तरह जारी रहा, जिसमे हर मोड़ पर एक नया राज खुल रहा है और सियासत के मोहरे चित होते गए!

लव, सेक्‍स, एमएमएस और लड़की की जिंदगी बर्बाद


लव, सेक्‍स, एमएमएस और लड़की की जिंदगी बर्बाद Uttar Pradesh Moradabad Girl Love Mms Internet Mobile  
हाईस्‍क‍ूल की एक छात्रा ने एक युवक को अपना सबकुछ सौंप दिया। वह उससे इस कदर प्‍यार करती थी कि हर वो कुछ करती गई जो उस युवक ने कहा। मगर कच्‍ची उम्र के इस प्‍यार ने छात्रा की जिंदगी तबाह कर दी। उसने सपने में भी नहीं सोचा होगा कि जिससे वो प्‍यार करती है और अपना सबकुछ सौंप रही है वह उसकी जिंदगी नरक बना देगा और उसे समाज में कहीं मुं‍ह दिखाने लायक भी नहीं छोड़ेगा।

प्‍यार में धोखे की यह कहानी मुरादाबाद के भोजपुर की है। दरअसल सोमवार को कुछ युवकों ने मोबाइल पर एमएमएस देखा जो उसी कस्‍बे की निवासी एक छात्रा का था। इस एमएमएस में वह छात्रा अपने प्रेमी संग आपत्तिजनक स्थिति में थी। एमएमएस देखते देखते कस्‍बे के घर घर पहुंच गया। इस एमएमएस में युवती का चेहरा साफ है मगर युवक का चेहरा साफ नहीं है।

आखिरकार मामला छात्रा के घरवालों तक पहुंच गया। घरवालों ने पूछा तो छात्रा ने मोहल्ले के ही नईम पुत्र अब्दुल रहमान का नाम लिया। उसने बताया नईम ने उसे बहला फुसला कर प‌िछले दिनों उसके साथ संबंध बनाए थे। नईम ने अपने दोस्त रिजवान पुत्र रईस अहमद के साथ मिलकर उसकी क्लिपिंग भी बना ली थी। जो बाद में इंटरनेट पर डाल दिया था।

पूरा मामला जानने के बाद छात्रा के घरवाले युवक के घर पहुंचे और दोनों के शादी की बात की गई। पंचायत को भी बुलाया गया और छात्रा के घर वालों ने निकाह की मांग रखी। लेकिन लड़के के घर वालों ने निकाह से मना कर दिया। बाद में तीन युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया। पुलिस की मानें तो मुख्‍य आरोपी तो फरार है मगर अपनी आईडी से इस एमएमएस को इंटरनेट पर डालने वाले दो युवकों को गिरफ्तार कर लिया गया है।

सात समंदर पार तक मची है इस एमएमएस की सनसनी

भोजपुर की वेश्या के नाम से इंटरनेट पर डाउनलोड की गई अश्लील क्लीपिंग ने देश में ही नहीं विदेशों में ही तहलका मचा दिया है। महज डेढ़ माह में सात समंदर पार तक इस ब्लू फिल्म ने सनसनी मचा दी। अलबत्ता तीनों क्लीपिंग में छात्रा का चेहरा दिखाई देता है मगर छात्र का नहीं। इस तरह से फिल्म बनाई गई है कि छात्र का चेहरा छिपा लिया गया है। दरअसल, छात्रा और तीनों आरोपी छात्र अच्छे परिवारों से ताल्लुकात रखते हैं।

छात्रा के पिता बक्से और आलमारी निर्माण का कारखाना चलाते हैं। उनका भोजपुर कस्बे में ही इसका शोरूम भी है। आरोपी नईम के पिता सराफा व्यवसायी हैं तथा इंटर के छात्र शमीम के पिता जाने-माने हकीम हैं। छात्रा, नईम, शमीम और रिजवान के कई रिश्तेदार सऊदी अरब, दुबई, सुमात्रा, कनाडा, अमेरिका के कई शहरों में रहते हैं। उत्तर भारत में कबाड़ की सबसे बड़ी मंडी भोजपुर के भी दर्जनों लोग अमेरिका, यूरोप और अरब देशों में रहते हैं तथा कई लोगों को इन देशों में आना-जाना है।

कनाडा में रहने वाले एक परिवार के लोगों ने अपने रिश्तेदार को दुबई में फोन कर इस क्लीपिंग के बारे में जानकारी दी थी तो दुबई से छात्रा के घरवालों को सूचना दी गई। इसके बाद पूरे मामले का पटाक्षेप हुआ। बताते हैं कि विदेश में रहने वाले वेस्ट यूपी के विभिन्न शहरों के लोगों को जब मुरादाबाद के भोजपुर की इस क्लीपिंग के बारे में पता चला तो उनमें उत्सुकता बढ़ गई जिस वजह से इसकी डिमांड बढ़ी। हालांकि भोजपुर और इसके आसपास के इलाकों, बाजारों, कस्बों में यह क्लीपिंग काफी पहले ही आम हो चुकी थी। ज्यादातर युवाओं के मोबाइल पर यह क्लीपिंग पहुंच गई थी।

Wednesday, 23 May 2012

पेट्रोल के दाम 7.50 रूपये बढ़ाना इनका आखिरी फैसला था , अब जनता ही इनका फैसला करेगी |


पेट्रोल के दाम 7.50 रूपये बढ़ाना इनका आखिरी
फैसला था , अब जनता ही इनका फैसला करेगी |
 




गोपालगढ़ प्रकरण में कुणाल को कैट से राहत



गोपालगढ़ प्रकरण में कुणाल को कैट से राहत भरतपुर। गोपालगढ प्रकरण में कलक्टर को हटाए जाने को केन्द्रीय प्रशासनिक प्राधिकरण (कैट) ने गलत करार दिया है। बुधवार को तत्कालीन कलक्टर कृष्ण कुणाल की याचिका जस्टिस करण सिंह राठौड और अनिल कुमार की बैंच ने फैसला सुनाते हुए कुणाल को हटाए जाने को गैर जरूरी बताया।मालूम हो कि सरकार ने गोपालगढ़ प्रकरण के बाद कलक्टर कुणाल को निलम्बित कर दिया था। इस पर उन्होंने कैट में शिकायत दी थी।राजस्थान का भरतपुर जिले का गोपालगढ़ काफी दिनों तक चर्चा का विषय बना हुआथा ,समुदाय विशेष की आपसी हिंसा में आठ लोग मरे गए .हालत बहूत ख़राब थे .जिला कलेक्टर कृष्ण कुनाल एक नेक .दबंग ऑफिसर जिसकी जांबाजी के चर्चे गुर्जर आन्दोलन में सुने जब उन्हें वसुंधरा सर्कार ने गुर्जर आन्दोलन हेंडल करने के लिए बाड़मेर से करौली भेजा रातो रात हेलिकोप्टर में जाकर ज्वाइन किया .जांबाज ऑफिसर कुनाल हमेशा जनहित की सोच रखते हें गोपालगढ़ में भी जब समिदय विशेष के लोग आक्रोशित थे उस वक्त स्थति यह थी की गोली कुनाल को लगते लगते रह गयी संयम बरता मगर परिष्ठ्तिया विपरीत हो रही थी लोग उग्र हो रहे थे सर्कार के अधिकारियो से सलाश मशवरा किया मामला कैसे शांत हो चर्चा हुई ला एंड आर्डर की पालने की कुनाल ने तब तक आठ लोग मरे जा चुके थे प्रशासन द्वारा कड़े कदम नहीं उठाये गए होते तो शायद स्थातिया बेहद घम्भीर हो जाते यह आग कंहा तक फेलती कोई नंही जानता.कुनाल की दबंगता के कारन ही आग ज्यादा नहीं फेली .सर्कार के गृह मंत्री सहित आला अधिकारियो ने कुनाल की पीठ थप थापाई .कुनाल का स्थानान्तरण करने से एक घंटा पहले तक गृह मंत्री शांति धारीवाल का बयान था की प्रशासन ने अपना कान बखूबी किया .तारीफों के पुल बंधे जो चेनलो पर दिखाए गए .सरकार के नुमाईंदे जानते हें की कड़े कदम नहीं उठाये होते तो कब्रे बनाने की जगह नहीं होती गोपाल गढ़ में कुनाल जैसे अफसरों के साथ अन्याय महज वोटो की राजनीती के कारण हुआ जो अधिकारी वर्ग के होंसलो को पस्त करने वाला हें आगे भगवान् न करे यासी प्रिष्ठाती कंही और हुई तो कोनसा प्रशासनिक अधिकारी आगे बढ़ कर काम करेगा ,गेह्लोत्जी नैतिकता और सचाई की बात करते हें सच्चाई किसी से छिपि नहीं हें गहलोत जी स्वयं हकीकत जानते हें .जनता जानती हें फिर एक काबिल अफसर के साथ अन्याय महज वोटो की खातिर क्यों .हें कोई जवाब राजस्थान सरकार और मुखिया अशोक गहलोत जी राहुल गाँधी सोनिया गाँधी के पास .आप ही बताये सही हुआ या गलत फैसला जनता करे

यौन शोषण पीडि़ता सिंड्रेला को ‘सत्यमेव जयते’ द्वारा आए शादी के प्रपोजल

हिम्मत वालो के साथ जहाँ आ खड़ा होता हैं 
यौन शोषण पीडि़ता सिंड्रेला को ‘सत्यमेव जयते’ द्वारा आए शादी के प्रपोजल‘सत्यमेव जयते’ के दूसरे एपिसोड में आमिर ने यौन शोषण का मुद्दा उठाया था। इसमें एक लड़की सिंड्रेला प्रकाश आई थी, जो 12 साल की उम्र में यौन शोषण का शिकार हुई थी। आमिर के शो में आने के बाद उसके कुछ रिश्तेदारों ने कहा कि तुम इस शो में क्यों आईं और क्यों अपने बारे में बताया लेकिन उसका कहना है कि उसके इस स्टेप से उसके मन का बोझ हल्का हुआ है।

सिंड्रेला ने बताया कि अब तक 2000 लोगों ने उसे मैसेज, एसएमएस, मेल, ट्वीट करके या फोन पर उसके इस साहसिक कदम की सराहना की है। इनमें यूके, पाकिस्तान, न्यू ज़ीलैंड तक से भी संदेश मिले हैं। बहुत से लोग तो ऐसे भी थे, जो अपने साथ हुए हादसों का कभी किसी से जिक्र नहीं कर पाए थे। उन्होंने अपने दर्द को सिंड्रेला के साथ बांटा है। उन्होंने उसे बताया कि ‘सत्यमेव जयते’ शो पर उसका इंटरव्यू देखने के बाद उनमें भी यह साहस आया है कि अपने दर्द को किसी के साथ बांटें।

आमिर के शो पर आने से पहले सिंड्रेला की एक सहेली ने उससे कहा था कि सिंडी तू सिंगल है, फिर भी शो पर जा रही है? सबको कैसे बता पाएगी? जब वह 12 साल की थी, तब एक व्यक्ति उसका शोषण किया था। 55 साल का वह व्यक्ति उनका फैमिली फ्रेंड था। कहने को धार्मिक था। एक दिन घर में अकेला पाकर उसने सिंड्रेला को अपना शिकार बना डाला। उस शाम उस 12 साल की उस बच्ची को समझ ही नहीं आया था कि उसके साथ क्या हादसा हुआ है। वह रो भी नहीं पाई थी। कुछ देर बाद उसे लगा कि किसी ने उसके विश्वास और प्यार पर डाका डाला है।

सोनिया का कार पर लाल बत्ती लगाने से इंकार


सोनिया का कार पर लाल बत्ती लगाने से इंकार
संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) और कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी ने अपनी कार पर लाल बत्ती लगाने से मना कर दिया है। कांग्रेस संसदीय दल की कार्यकारी समिति की बैठक में पार्टी के कुछ नेताओं ने यह निर्णय लिया था और वे कांग्रेस अध्यक्ष से इस पर हरी झंडी चाहते थे। लेकिन सोनिया ने इससे इंकार कर दिया। केंद्रीय मंत्रिमंडल के एक सदस्य ने कहा, ‘‘उन्होंने दृढ़तापूर्वक इससे इंकार कर दिया है। सोनिया का कार पर लाल बत्ती लगाने से इंकार
यह हमारे लिए आदेश की तरह है।’’ सूत्र के अनुसार, सोनिया ने कहा, ‘‘मैं इसकी अनुमति कैसे दे सकती हूं?’’ सोनिया ने हालांकि सांसदों को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में लाल बत्ती इस्तेमाल करने की अनुमति देने वाले किसी भी अधिसूचना को ना कह दिया है, लेकिन उन्होंने यह भी कहा है कि राज्य इस सम्बंध में अपने अनुसार निर्णय ले सकते हैं। पिछले साल दिसम्बर में नैतिकता मामलों पर संसदीय समिति ने सांसदों को अपनी गाड़ी पर लाल बत्ती लगाने देने की अनुमति मांगी थी। सांसदों की दलील थी कि यदि विधायक और पंचायत के सादस्य अपने वाहनों पर लाल बत्ती का इस्तेमाल कर सकते हैं तो वे ऐसा क्यों नहीं कर सकते?

गोवा में बच्ची से दुष्कर्म, फिर हत्या


गोवा में बच्ची से दुष्कर्म, फिर हत्या  

पणजी। पणजी से 80 किलोमीटर दूर क्वेपेम शहर में गोवा पुलिस ने बुधवार को एक चार वर्षीय बच्ची का बलात्कार कर उसकी हत्या के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है।
मुंबई कुर्ला की रहने वाली पीड़िता अपने दादा-दादी के पास गोवा के क्वेपेम में छुट्टिया मनाने के लिए आई थी। यह घटना रविवार को घटी और उसका शव मंगलवार को शहर के एक निर्माणाधीन भवन से बरामद किया गया।
पुलिस के मुताबिक आरोपी की पहचान दीपक कुमार के तौर पर की गई है जो बिहार के बेगुसराय में एक श्रमिक के तौर पर काम करता है। दीपक शादीशुदा है। उसने स्वीकार किया है कि उसने लड़की के साथ यौन दुराचार किया और रविवार शाम को उसकी हत्या कर दी।

पुलिस इंस्पेक्टर संतोष देसाई ने बताया कि जब पीड़िता अन्य बच्चों के साथ खेल रही थी तब आरोपी ने उसे चॉकलेट दिया। आरोपी बच्ची को निर्माणाधीन भवन में ले गया और उसके साथ बलात्कार किया। अभियुक्त ने गला दबा कर लड़की की हत्या कर दी।



आरूषि, हेमराज को आपत्तिजनक स्थिति में देख मार डाला

आरूषि, हेमराज को आपत्तिजनक स्थिति में देख मार डाला
आरुषि मामले में सुनवाई मंगलवार तक स्थगितसीबीआई ने बुधवार को एक विशेष अदालत को बताया कि राजेश और नुपुर तलवार ने अपनी बेटी आरूषि और नौकर हेमराज को आपत्तिजनक स्थिति में पाया और गुस्से में उनकी हत्या कर डाली । दंतचिकित्सक दंपति ने जांच एजेंसी की इस दलील का जोरदार खंडन किया। तलवार दंपति ने सीबीआई के दावे का विरोध किया और कहा कि अभिजात्य समाज में सेक्स कोई बड़ी बात नहीं और यह हत्या की वजह नहीं हो सकती ।

मई 2008 के दोहरे हत्याकांड मामले में आरोप तय करने के लिए अपने दलीलों को दोबारा शुरू करते हुए सीबीआई के वकील आर के सैनी ने विशेष न्यायाधीश श्याम लाल को कहा कि हादसे के दिन तलवार दंपति देर शाम घर आए और आरूषि और हेमराज को बैठक कमरे में नहीं पाकर अपनी बेटी के कमरे में गए।

सैनी ने कहा कि कमरा अंदर से बंद था लेकिन तलवार दंपति ने एक अन्य चाभी से उसे बाहर से खोला और अपनी बेटी और हेमराज को आपत्तिजनक स्थिति में देखकर आपे से बाहर हो गए। उन्होंने बताया कि गुस्साए तलवार ने गोल्फ के डंडे से हेमराज और अपनी बेटी पर बार बार वार किया।

पेट्रोल की कीमत में लगी आग, 7.50 रुपए का इजाफा

पेट्रोल की कीमत में लगी आग, 7.50 रुपए का इजाफा
डॉलर के मुकाबले रुपये में तेजी से आ रही गिरावट के कारण सरकार ने पेट्रोल के दाम में भारी बढोतरी की है। पेट्रोल के दाम में 7.50 रुपए का इजाफा किया गया है। बढ़े हुए दाम आज आधी रात से लागू होंगे। दाम बढ़ने से पेट्रोल अब कोलकाता में 77.53 रुपए प्रति लीटर, दिल्ली में 73.14 रुपए प्रति लीटर और मुंबई में 78.16 रुपए प्रति लीटर हो गया है।
Petrol prices increased 750 paise per litre 

इससे पहले केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री जयपाल रेड्डी ने कहा था कि रुपये में तेजी से आ रही गिरावट के कारण तेल कंपनियों का आयात खर्च बेहिसाब रफ्तार से बढ़ा है। इसलिए एलपीजी, पेट्रोल और डीजल के दामों में तत्काल बढ़ोतरी जरूरी हो गई है।

उल्लेखनीय है कि सरकार ने पेट्रोल के दामों पर से जून 2010 में नियंत्रण हटा दिया था। इसके बावजूद पेट्रोल के दाम नवंबर-2011 के बाद से नहीं बढ़ाए गए हैं। डीजल, एलपीजी और केरोसिन के दामों में पिछले साल जून में बढ़ोतरी की गई थी।

रेड्डी का कहना था कि अगर डालर के मुकाबले रुपया 100 पैसे कमजोर होता है तो तेल कंपनियों को घाटा 8000 रुपये प्रति वर्ष तक बढ़ जाता है। डॉलर पिछले साल 46 रुपये का था और अब 55 का है। मंत्री ने कहा कि इससे कंपनियों का कुल घाटा 75000 करोड़ रुपये तक चला गया है।

मगर अब भी ‘प्रेस’ गुलाम है




मगर अब भी ‘प्रेस’ गुलाम है                                                                             आधी शताब्दी गुजर गई हमें आजाद भारत में सांसें लेते हुए, मगर अब भी ‘प्रेस’ गुलाम है । कहीं पूंजीवादियों के हाथ में मीडिया खेल रहा है तो कहीं राजनेताओं के ईशारे पर । यही कारण है कि व्यवस्थापिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका की ही तरह खबरदार पालिका भी ‘दाग’ से अछूती न रह सकी । हम कोशिश कर रहे हैं इस दाग को धोने की, आजादी से विचारों को रखने की, समाज में सच को लाने की । हम कोई दावा नहीं करते कि हम समाज के सर्वहारा वर्ग की आवाज को पूरे दम से उठाने में कामयाब होंगे लेकिन इतना जरूर है कि शापिंग माल चलाने वाले अखबारों, फिल्मसिटी की आड़ में टी.वी. चैनल चलाने वालों, भूमाफियाओं और बिल्डरों के अखबारों से, बच्चों की शिक्षा को महंगी बनाकर कालेज संचालित करके मीडिया में घुसपैठ करने वालों से बेहतर समाचार अपने चाहने वालों को देंगे ।
पेड न्यूज़ (बिकाऊ) बना देने वालों को हमारी ये वेबसाईट जवाब देगी । खबर कोई वस्तु नहीं जिसके दाम लगे और जहाँ दाम तय हो जाते हैं, वहाँ से ‘दम’ चला जाता है । हम ढाई दशकों की अपनी पत्रकारिता में ‘बेईमानी-सेटिंग’ के दाग से बचते रहे हैं, आगे भी बचने की सौगंध उठाते हैं, हम राष्ट्रहित के आगे ‘स्वहित’ का बलिदान करने को तत्पर है ।


मांस और खाले बरामद



मांस और खाले बरामद
बुधवार सुबह पचपदरा रोड पर बने एक मकान के सामने खरगोश व् अन्य जानवर का मांस बिखरा देख स्थानीय निवासियों ने पुलिस को सुचना दी !घटना की जानकारी मिलने पर पुलिस ने वहा पहुच कर मकान व् आस पास तलासी ली तो पास बने एक बाड़े में तीन खरगोश का मांस मिला जिस पर पुलिस ने घर में मौजूद तीन युवको से सख्ती से पूछ ताछ की और घर में छुपा कर रखा हिरन का मांस और खाले बरामद की! घटना की जानकारी मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुची और मांस ,खाले और शिकार में काम में आने वाले हथियार जब्त किये और युवको हिरासत में लिया !मामले की जाँच करने पर इन युवको का लम्बे समय से शिकार करना पाया गया और शहर की होटलों व् अन्य जगह इन जानवरों का मांस के कारोबार का मामला सामने आया !सुचना मिलने पर विश्नोई टाईगर फ़ोर्स के अध्यक्ष रामपाल भवाद भी बालोतरा पहुचे और घटना की निष्पक्ष जाँच की मांग को लेकर उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौपा !वनविभाग के रेजर दीपक चौधरी ने जानकारी देते हुए कहा की इन युवको देवाराम पुत्र चेनाराम भील ,रामेश्वर पुत्र मालाराम सांसी और खरताराम पुत्र गेनाराम सांसी निवासी बालोतरा से करीब दस किलो हिरन का मांस ,दो खाले और तीन खरगोश का मांस बरामद किया और वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जाँच प्रारंभ कर दी हे , इस मामले में लिप्त अन्य आरोपिओ को भी जल्दी ही गिरफ्तार कर लिया जायेगा !

खनन बंद तो कारखाने चालू कैसे?

खनन बंद तो कारखाने चालू कैसे?  

बाड़मेर। सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण उत्तरलाई वायुसेना क्षेत्र के इर्दगिर्द जिप्सम के खनन पर पूर्ण पाबंदी का दावा प्रशासन एवं खनिज महकमे द्वारा किया जा रहा है, लेकिन लखटकिया सवाल यह है कि जब खनन बंद है तो जिप्सम आधारित सौ से ज्यादा कारखाने निरंतर चालू कैसे है? इनमे आने वाली जिप्सम किसी भी सूरत में वैध नहीं है क्योंकि बाड़मेर में जिप्सम खनन की एक भी लीज मौजूदा समय में नहीं है।
उत्तरलाई के इर्दगिर्द जिप्सम का अवैध खनन होने से वायुसेना स्टेशन को खतरा हो गया है। तीन तरफ से जमीन को खोद लिया गया है। वायुसेना ने बार बार यह शिकायत प्रशासन और उच्चाधिकारियों की है कि इन गड्ढों में कोई अवांछित और अराष्ट्रवादी तत्व घुस गया तो सुरक्षा को खतरा हो सकता है। बावजूद इसके खनन महकमा कार्यवाही नहीं कर रहा है।

राज्य सरकार, केन्द्र सरकार और रक्षा मंत्रालय के कड़े आदेश के बाद फौरी तौर पर होमगार्ड के जवान नियुक्त करने और कुछ ट्रोली जिप्सम पकड़कर जता दिया गया है कि अब सख्ती हो रही है। जबकि ऎसा नहीं हो रहा है। उत्तरलाई के इर्द गिर्द सौ से ज्यादा कारखाने निरंतर संचालित हो रहे हैं। इन कारखानों में प्रतिदिन सैकड़ों टन जिप्सम पहुंच रही है,जो यहीं से खुदी हुई है। यह जिप्सम कारखाने कहां से ला रहे हंै इसको लेकर सवाल नहीं उठाया जा रहा है।

एक भी नहीं लीज
बाड़मेर जिले में जिप्सम की मौजूदा समय में एक भी लीज नहीं है। ऎसे में जिले में जिप्सम का खनन होने का सवाल ही नहीं उठता। बिना लीज के प्रतिदिन सैकड़ों टन जिप्सम की इन कारखानों में हो रही आपूर्ति ही सवाल खड़ा कर रही है कि यह कार्य अनवरत जारी है।

तारबंदी के पास कारखाना
वायुसेना ने तारबंदी के एकदम पास कारखाने होने की जानकारी दी है। जहां जिप्सम पहुंच रही है।
तारबंदी के पास तो औद्योगिक क्षेत्र भी नहीं है। दरअसल तारबंदी के निकट हो रही खनन के लिए परिवहन का खर्चा ज्यादा नहीं आए और सबसे पहले यह अवैध जिप्सम इनके कारखानों तक पहुंचे इसलिए ये कारखाने खोले गए है।


कार्रवाई करेंगे
यह ठीक बात है कि जब लीज नहीं है तो जिप्सम कहां से आ रही है। खनन माफिया के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
सी आर देवासी
उपखण्ड अधिकारी, बाड़मेर

बिजली लगाएगी आज से आग

बाड़मेर में बरसायेगी बिजली आज से आग
बाड़मेर। तापमान पैंतालीस डिग्री के इर्द गिर्द है और थार आग उगलने लगा है। इस विकट स्थिति के शुरू होते ही डिस्कॉम भी मनमर्जी पर तुल गया है। आम आदमी गर्मी में अब तक पेयजल किल्लत के लिए तड़प रहा था, लेकिन आज से बिजली कटौती उसके प्राण सुखा देगी। गांव और गरीब का पूर्ण ख्याल रखने का दावा करने वाली राज्य सरकार के बिजली के पुख्ता प्रबंध नहीं करने का नतीजा होगा कि जिले के दो हजार से ज्यादा गांवों के लोग सुबह सात से शाम छह बजे तक भरी गर्मी में बिना बिजली के तड़पते रहेंगे।
 

बाड़मेर में इस समय पारा इस कदर बढ़ गया है कि आम आदमी का जीन मुहाल होने लगा है। लू के थपेड़े और आग उगलती गर्मी में पानी और बिजली मिल जाए तो ही राहत है। पानी की जिले भर में पहले से किल्लत है और अब रही सही कसर बिजली कटौती पूरी कर देगी। डिस्कॉम ने मंगलवार को जो आदेश निकाला है,उसके मुताबिक जिले के दो हजार से ज्यादा गांवों में दिन में बिजली आएगी नहीं। जब रात को थार में ठण्डी हवाएं चलने से सुकून की नींद का समय होगा तो बिजली दी जाएगी। ऎसे मे गांव की करीब बीस लाख की आदमी दिनभर आहत होती रहेगी। पांच हजार से अघिक आबादी के सत्रह कस्बों में पांच घंटे विद्युत काटी जाएगी। कटौती का समय होगा सुबह 9 से बारह और दोपहर तीन से पांच बजे। यानि भरी दुपहरी में लोगों को अग्नि परीक्षा से गुजरना होगा। यही स्थिति बालोतरा नगरपालिका क्षेत्र में कर दी है। यहां सुबह 10 से 12 के बाद दोपहर में तीन से पांच बजे कटौती की जाएगी।

जिला मुख्यालय पर भी मनमर्जी- जिला मुख्यालय में तीन घंटे ही कटौती है लेकिन यहां पर मंगलवार को सुबह 6 से 9 बजे कटौती की थी, जो थोड़ी राहतभरी थी। बुधवार से यहां पर भी सुबह दो घंटे के अलावा दोपहर 3 से 4 बजे कटौती की जाएगी, जो अव्यवहारिक है।

यह है कटौती टाइम टेबल
बाड़मेर जिला मुख्यालय- सुबह 7 से 9 एवं दोपहर तीन से चार(तीन घंटे)
नगरपालिका क्षेत्र बालोतरा- सुबह 10 से 12, शाम तीन से पांच बजे(चार घंटे)
गडरारोड, जसोल, आसोतरा, पचपदरा, कनाना, इन्द्राणा, सिवाना, समदड़ी, मिठूड़ा, पादरू, मोकलसर, धोरीमन्ना, गुड़ामालानी, बायतु, रामसर, सिणधरी एवं शिव - 9 से 12 बजे एवं शाम 3 से 5 (पांच घंटे)
शेष गांवों में शाम 6 से सुबह 7 बजे ही आपूर्ति होगी।

यही तय किया है
नया समय यही तय किया गया है। इसके अनुसार कटौती होगी। बाड़मेर में समय बदलवाया गया है।
प्रेमजीत धोबी,
अधीक्षण अभियंता, डिस्कॉम

बाड़मेर कलेक्ट्रेट में ये क्या हो रहा हैं ?

बाड़मेर कलेक्ट्रेट में ये क्या हो रहा हैं ?

सरकारी दफ्तरों में क्या नही होता ? आप सोच रहे होंगे कि आम जनता के काम के अलावा और क्या होता होगा लेकिन जनाब इन दिनों बाड़मेर कलेक्ट्रेट का नाम पानी की बर्बादी के कारण उछल रहा हैं !जल है तो कल है, जल ही जीवन है का नारा कागजों तक ही सिमटकर रह गया है। एक ओर जहां कई लोग एक-एक बूंद पानी के लिए तडफ़ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर लोग भारी मात्रा में पानी की बर्बादी की जा रही है। इसमें कलेक्ट्रेट भी पीछे नहीं है, जहां रोजाना टंकियों से सैकड़ों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। ग्रर्मी के इस मौसम में जिले के अनेक शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पानी के लिए हाहाकार जैसी स्थिति है। नल के सामने घंटो इंतजार के बाद लोगों को ले देकर पानी मिल रहा है। इसके बावजूद पानी की बर्बादी थम नहीं रही है। 
 
विडंबना यह है कि पानी का महत्व जिला प्रशासन भी नहीं समझ पा रहा है। कलेक्ट्रेट की छत में पानी की कई टंकिया लगाई गई हैं, जिनसे रोजाना सैकड़ों लीटर पानी बर्बाद हो रहा है। पानी की मोटर का स्विच बंद करने के लिए यहां एक भी आदमी नहीं है, जिसके कारण टंकियों से बर्बादी निरंतर जारी है। हर बार हर वार को छत की टंकियों से घंटों पानी बहता रहता हैं ।

इस दुर्लभ फोटो में देखे कैसे हुआ यह घटनाक्रम


राजीव गांधी उस वक़्त श्रीलंका के कोलम्बो में शांतिदूत बन कर गए हुए थे उनके सम्मान में जब श्रीलंका सेना उन्हें गार्ड ऑफ़ ऑनर दे रही थी तभी एक श्रीलंकाई सैनिक ने उनके सर पर बन्दुक का बट मार दिया .. इस दुर्लभ फोटो में देखे कैसे हुआ यह घटनाक्रम 

अध्यात्म में लगा 'सेक्स' का तड़का, बदनुमा दाग लगा गए कुछ साधु





अध्यात्म में लगा 'सेक्स' का तड़का, बदनुमा दाग लगा गए कुछ साधु
 
सोमवार रात्रि में शहर के मवडी गुरुकुल के एक कमरे से गुरुकुल के स्वामी और एक शिक्षिका को शंकास्पद हालत में लोगों ने पकड़ लिया। स्वामी की इस हरकत से लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और भीड़ ने उनकी जमकर पिटाई लगा दी और गुरुकुल में भी तोड़फोड़ मचा दी।

कुछ ही देर में घटना की जानकारी पूरे शहर में जंगल में आग की तरह फैल गई और यहां लोगों का जमावड़ा लगना शुरू हो गया। पुलिस ने स्थिति को अपने नियंत्रण में लिया। उल्लेखनीय है कि स्वामीनारायण संप्रदाय के अनुसार जहां महिलाओं की उपस्थिति हो, वहां संतों के जाने की भी मनाही है। लेकिन यहां स्वामी बंद कमरे में महिला संग अश्लील हरकतें पकड़ाए, जिससे लोगों की भावनाएं आहत हुईं।

साधु शब्द आते ही हृदय भावविह्वल हो उठता है। साधु की व्याख्या करते हुए तुलसीदास ने कहा है कि ‘साधु सराहि सुमन सुर बरषे’। साधु बोलता है तब अमृत और फूलों का बरसात होती है। साधु को आध्यात्मिक, निस्वार्थ सेवक और सदाचारी कहा जाता है। शंकराचार्य, स्वामी परमहंस और आदि काल के बह्मर्षी समाज को मार्गदर्शन देते रहे हैं। ऐसे गौरवशाली इतिहास को आज भगवताचार्य राजेंद्र, नित्यानंद, पायलट बाबा, इच्छाधारी बाबा जैसे साधु कलंकित कर रहे हैं। धर्म के नाम पर धंधे की शुरूआत करने वाले ये साधु देह व्यापार तक अपनी पहुंच बना लिए हैं।


धर्म और राजनीति का कॉकटेल तो आदि काल से चला आ रहा है, लेकिन सेक्स के तड़के ने आध्यात्म को दूषित कर दिया है। ऐसे में भरोसा करें तो किस पर? क्यों उठ रहा है आध्यात्मिक चेहरों से विश्वास? तत्कालिक घटनाओं पर चलिए एक नजर डालते हैं, जिसने देश के कुछ चुनिंदा चमत्कारिक चेहरों को बेनकाब किया है।


स्वामी नित्‍यानंद

कर्नाटक सीआईडी ने स्वामी नित्यानंद के खिलाफ रामानगरम अदालत में एक चार्जशीट दाखिल किया है। इसमें दावा किया गया है कि नित्यानंद ने महिलाओं के अलावा अपने एक विदेशी भक्त के साथ कई बार शारीरिक संबंध बनाए हैं। कर्नाटक के बिदादी आश्रम के अलावा अमेरिका में कुछ शहरों में उन्होंने अपने इस भक्त के साथ अप्राकृतिक सेक्स संबंध बनाए थे। सीआईडी ​​द्वारा दाखिल चार्जशीट में साफ कहा गया है कि प्राप्त सबूतों में यह बात सामने आई है कि नित्यानंद अप्राकृतिक सेक्स भी करते थे। विदेशी भक्त की पहचान गुप्त रखी गई है। सीआईडी के अधिकारियों ने उसके साथ की गई बातचीत का वीडियो रिकार्ड कर लिया है। इसे भी अदालत में बतौर सबूत पेश किया जाएगा।


नित्‍यानंद अपने सैक्स स्कैंडल के लिए सबसे ज्यादा सुर्खियों में रहा। कहा जाता है कि स्‍वामी ‘प्राचीन तांत्रिक रहस्‍यों’ की शिक्षा देने और उनके प्रयोग के लिए अपने आश्रम में आने वाली महिलाओं से ‘सीक्रेट सेक्‍स एग्रीमेंट’ करता था। इसके अनुसार, महिलाओं को नग्‍नता और सेक्‍स के लिए सहमति जतानी होती थी। अपने अश्‍लील फोटो खींचने की अनुमति देनी पड़ती थी। साथ ही उन्‍हें इस बात की सख्‍त हिदायत दी जाती थी कि इस बात को वे आश्रम से बाहर नहीं ले जाएं। उस समय जो सेक्स सीडी बरामद की गई उसमें नित्यानंद, एक लड़की के साथ रंगरलिया मनाते दिखाई दिया था। लड़की को कथित अभिनेत्री रंजीता बताया गया।


बताते चलें कि स्वामी नित्यानंद का असली नाम राजशेखर है। वह तमिलनाडु के थिरुनामलाई के रहने वाले हैं। इसका थिरुनामलाई और बैंगलोर में बहुत बड़ा आश्रम है। इन्ही जगहों में से कहीं पर संत को कैमरे में कैद किया जा रहा था। वीडियो में साड़ी पहने एक महिला दिखती है जिसके साथ बाबा को बाद में आपत्तिजनक हालात में देखा जाता है।


भगवताचार्य राजेंद्र उर्फ पोर्न स्वामी

वृंदावन में इस बाबा को गिरफ्तार किया गया था। यह यमुना नदी के घाटों और पवित्र स्थानों के आस-पास पर अश्लील फिल्में शूट करता था। इस स्वामी से कई अश्लील फिल्में और क्लिपिंक्स बरामद की गई थी। फिल्मों में कुछ विदेशी युवक युवतियां के साथ स्वामी खुद भी अप्राकृतिक यौनाचार करता हुआ दिखा था। यहां तक की इस पोर्न बाबा ने अपनी बीबी की भी अश्लील फिल्में बनाकर बाजार में बेचा था।


भीमानंद उर्फ इच्छाधरी बाबा

भीमानंद, इच्छाधारी बाबा का चोला पहन कर देह व्यापार का धंधा करवाता था। उसके संपर्क में 600 लड़कियां थीं। इनमें से 50 लड़कियां केवल बाबा के लिए ही काम करती थी। लड़कियों के रेट का 40 फीसदी कमीशन बाबा अपने पास रखता था। बाबा ने अलग-अलग लड़कियों के अलग-अलग रेट रख रखे थे। मॉडल के लिए 50 हजार, स्टूडेंट के लिए 20 हजार और हाउसवाइफ के लिए 10 हजार। इन लड़कियों को देश भर में फैले बाबा के एजेंट लाते थे।


भीमानंद के पास से दस सेलफोन और करीब 100 मिली डायरी मिली। इनमें से कई में कॉल गर्ल्स से सम्बन्धित जानकारियों का जिक्र था। बाबा के आलीशान ठिकाने से चांदी के कवर वाली तलवार, बंदूक तथा बारहसिंगा के सींग बरामद किए गए। भीमानंद के परिवार वालों पर भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनके कुख्यात ददुआ डकैत से गहरे ताल्लुकात थे। भीमानंद के कमाई के कई जरिए थे। भक्ति कार्यक्रम में चढ़ावा तथा देह व्यापार से हासिल रुपये बाबा ने रीयल एस्टेट और ब्याज पर लगा रखे थे। विदेशों से भी चंदे के रूप में उसकी कमाई होती थी।


पायलट बाबा

देशभर में एक रूपये में कंप्यूटर शिक्षा देने का दावा करने वाले पायलट बाबा ने फ्रॉड करके करोड़ो कमाए। बडे़-बडे़ नेताओं ने पायलट बाबा का साथ देकर इसे जोरशोर से प्रसारित किया। इस गोरखधंधे के तहत आईकावा इंटरनेशनल कंप्यूटर कंपनी के साथ करार होने के बाद एक रूपये में कंप्यूटर शिक्षा देने का खेल पूरे देशभर में शुरू किया गया। कंप्यूटर सेंटर की फ्रेंचाइजी खोलने के लिये जमानत राशि के रूप में 50 हजार रूपये जमा कराए। वहीं, कुंभ नगरी मे हुए हादसे को लेकर भी बाबा के खिलाफ कोई कड़ी कार्रवाई नहीं की गई है। इस हादसे में कई बेगुनाहो की जान चली गई। कार्रवाई के नाम पर सिर्फ गिरफ्तारी हुई। कहा जाता है कि बाबा के ऊंचे पहुंच के कारण ही ऐसा संभव हो पाया है।

Tuesday, 22 May 2012

पति सूरत में, पत्नी घर में अकेले : दोस्त उठाता रहा फायदा, फिर....


 दोस्त की पत्नी को प्रेम जाल में फांस कर उसका शारीरिक शोषण करने वाले ने दोस्ती को कलंकित कर दिया है। मामला नवडीहा ओपी क्षेत्र के सियाटांड़ गांव का है। बताते हैं कि सियाटांड़ निवासी निवास कुमार वर्मा और पंकज कुमार वर्मा के बीच काफी गहरी दोस्ती थी। दोनों एक दूसरे के सुख दुख में हमेशा साथ रहते थे। सूरत में रहकर काम करने वाले ये दोनों दोस्त घर आने पर एक दूसरे के नाते रिश्तेदारों में भी साथ-साथ जाया करते थे। एक दूसरे के ससुराल में भी इन दोनों की काफी पूछ थी। साथ आना-जाना भी करते थे।   

लेकिन इनकी दोस्ती में तब दाग लग गया जब पंकज ने निवास की पत्नी को अपने प्रेम की जाल में फांस कर उसकी अनुपस्थिति में लगातार 8 माह तक उसका शारीरिक शोषण किया। इतना ही नहीं शादी का प्रलोभन देकर उसे गर्भवती कर दिया। युवक ने प्रेमिका को एक मोबाइल भी खरीदकर दिया। जिससे दोनों में लगातार बात-चीत होती रहती थी। बीते 10 मई को प्रेमी सूरत चला गया। वे इसे साथ ले जाना चाहते थे। लेकिन लोकलाज के भय से नहीं ले गया। बाद में इसे 15 मई को बुलाया। जिसके आधार पर प्रेमिका ने अस्वस्थ होने की घर में शिकायत की।

उसे अस्वस्थ होता देख उसके ससुर ने उन्हें गिरिडीह के एक निजी चिकित्सालय में भर्ती कराया। यहां से ही वह प्रेमी के बुलावे पर चोरी छुपे उससे मिलने सूरत के लिए रवाना हो गई।

काफी खोजबीन के बाद भी उसका कोई पता नहीं चलने पर उसके ससुर ने नवडीहा ओपी में 15 कई को गुमशुदगी का मामला दर्ज कराया। उधर प्रेमिका के साथ हाबड़ा स्टेशन पड़ोसी गांव मलीडीह के कुछ युवक भी थे। बातचीत में युवकों को उसके पति और अन्य परिजनों का पता चला और उसने उसके ससुराल में इसकी सूचना दे दी। जैसे ही सूरत स्टेशन में प्रेमिका उतरी उसके प्रेमी पंकज भी वहां आ धमके। लेकिन वहां इसके परिजनों को देख मामला समझते उन्हें देर न लगी और वे फरार हो गए। परिजनों ने किसी तरह समझा बुझाकर उन्हें उसी दिन घर वापसी के लिए भेज दिया। इधर रविवार को पीडि़ता के नवडीहा पहुंचते ही मुखिया के नेतृत्व में उसे नवडीहा पुलिस के हवाले कर दिया गया। पुलिस ने पीडि़ता के बयान के आधार पर पंकज के खिलाफ नवडीहा ओपी में कांड संख्या 131 दिनांक 20 मई 2012 के तहत शादी का प्रालोभन देकर शारीरिक शोषण का मामला दर्ज कराया है।

जिसके आधार पर पुलिस ने पीडि़ता को मेडिकल जांच के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। इधर पीडि़ता बताती हैं कि पंकज की भी शादी हुई है। उसके एक बच्चे भी हैं। जबकि पीडि़ता की शादी अप्रैल 2008 में हुई है। इनके कोई बच्चे नहीं है। पति सूरत में रहते हैं। घर में केवल सास और ससुर रहते हैं। घर में ये अलग कमरे में सोती थी। इसके अकेलेपन का नाजायज लाभ उसके पति के दोस्त ने उठाया।
वे पिछले आठ माह से लगातार मोबाइल से संपर्क में रहकर रात-रात भर इसके साथ रहा करते थे। इससे वह गर्भवती हो गई।


पति सूरत में, पत्नी घर में अकेले : दोस्त उठाता रहा फायदा, फिर....

आशिक ने पहले युवती से बात करने पर युवक को मारा, अब ली भाई की जान


आशिक ने पहले युवती से बात करने पर युवक को मारा, अब ली भाई की जान
प्रेम में पागल एक युवक ने युवती के भाई को अगवा कर लिया और गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। क्राइम ब्रांच ने आरोपी और उसके दो दोस्तों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी सालभर पहले भी इसी युवती के लिए एक युवक की हत्या कर चुका है।
उस मामले में वह बेल पर जेल से बाहर आया हुआ था। पुलिस उपायुक्त संजय कुमार जैन ने बताया कि शाहदरा निवासी बिट्टू (19) चार अप्रैल को संदिग्ध परिस्थितियों में घर से गायब हो गया था। दो दिन बाद उसका शव नोएडा सेक्टर-65 में पड़ा मिला। इसी बीच, क्राइम ब्रांच की टीम को सूचना मिली कि इस हत्या के मामले में इलाके में ही रहने वाले लोकेश उर्फ लक्की (27) का हाथ है।
 

सूचना के आधार पर पुलिस ने लक्की व उसके दो दोस्त संदीप (20) और धीरज (22) को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान लक्की ने बताया कि बिट्टू उस युवती का भाई था, जिसके प्रेम में वह पागल है। बिट्टू को अपनी बहन के प्रति लक्की के व्यवहार पर आपत्ति थी। इस पर आरोपी ने बिट्टू की हत्या की साजिश रची। लोकेश ने बताया कि वह और संदीप नोएडा घूमने के बहाने बिट्टू को अपनी मारुति वैन में साथ ले गए।



रास्ते में धीरज भी कार में सवार हो गया। तीनों ने नोएडा सेक्टर-65 स्थित सुनसान रास्ते पर गला दबाकर बिट्टू की हत्या कर दी और शव को फेंक भाग गए। डीसीपी के मुताबिक सालभर पहले भी लोकेश इसी युवती के लिए एक हत्या की वारदात को अंजाम दे चुका है। इलाके में ही रहने वाला एक युवक जब इस युवती से दोस्ती करने की कोशिश करने लगा तो लोकेश ने अगवा कर उसकी हत्या कर दी। उस मामले में आठ माह जेल में बिताने के बाद वह बेल पर बाहर आया था। पुलिस के मुताबिक लोकेश के पास एक मारुति वैन है। दोनों हत्याओं में उसने अपनी इसी वैन का इस्तेमाल किया।

पड़ोसी ने बच्‍ची का किया रेप तो दोस्‍त ने महिला का गैंगरेप


पड़ोसी ने बच्‍ची का किया रेप तो दोस्‍त ने महिला का गैंगरेप
 
राजधानी में एक के बाद एक दुष्कर्म की तीन घटनाओं ने दिल्ली पुलिस को सकते में ला दिया है। हालांकि तीनों मामलों में संबंधित थाना पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। रविवार को पश्चिम जिले के रणहौला इलाके के विकास कुंज सी ब्लॉक की निवासी चार वर्षीय बच्ची को उसका ही पड़ोसी किशोर अपने घर ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। बच्ची जब घंटे भर बाद अपने घर पहुंची तो उसकी स्थिति देखकर परिजनों ने पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने मेडिकल में दुष्कर्म की पुष्टि होने के बाद बच्ची की निशानदेही पर आरोपी नाबालिग को गिरफ्तार कर लिया।

उत्तम नगर इलाके में भी 19 वर्षीय युवती के साथ 12वीं कक्षा के छात्र द्वारा दुष्कर्म का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस छात्र को भी पकड़कर बाल सुधार गृह भेज दिया है। पीड़ित युवती मूल रूप से पश्चिम बंगाल की निवासी है और दिल्ली के मोहन गार्डन में बहन के साथ रह रही थी।

पीड़िता ने 17 मई को थाने पहुंचकर शिकायत दी कि डेढ़ साल पहले छात्र से उसकी मुलाकात हुई थी। दोनों मिलते रहे और इस दौरान छात्र ने उसे शादी करने का झांसा देकर कई बार बलात्कार किया। पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल कराया, जिसमें दुष्कर्म की पुष्टि के बाद छात्र को गिरफ्तार कर बाल सुधार गृह भेज दिया।

दक्षिण जिले के वसंत विहार में भी एक युवक ने नौकरी का झांसा देकर एक महिला के साथ दुष्कर्म किया। युवक ने महिला को नशीले इंजेक्शन देकर अपने दोस्तों के साथ मिलकर भी कई बार दुष्कर्म किया। 22 वर्षीय महिला पति के साथ मुनीरका में किराए पर रहती है। उसका पति गुड़गांव की मल्टीनेशनल कंपनी में कैब चालक है। पीड़िता मूल रूप से उत्तर प्रदेश के लालगंज की निवासी है। पुलिस ने आरोपी दुर्गेश नामक युवक को गिरफ्तार कर लिया है।

युवती ने आरोप लगाया था कि लालगंज में पढ़ते समय दुर्गेश से उसकी दोस्ती हुई थी। मगर शादी होने के बाद वह दिल्ली आ गई। कुछ दिन बाद दुर्गेश भी नौकरी के लिए दिल्ली आया और उससे संपर्क किया। एक ही गांव के होने के कारण उसने उससे बात कर ली, लेकिन कुछ दिन बाद दुर्गेश उसके घर आ गया और उसने उसे नौकरी दिलाने का झांसा दिया।

वह उसे नोएडा ले गया, जहां उसका दोस्त दीपक भी मिला। दोनों ने मिलकर उसे नशीला इंजेक्शन दिया और फिर लगातार 10 दिनों तक दुष्कर्म करते रहे। किसी तरह वहां से निकलने के बाद वह सीधे थाने पहुंची। पुलिस ने पीड़ित महिला के बयान और मेडिकल जांच के बाद आरोपी दुर्गेश को गिरफ्तार कर लिया है और उसके दोस्त दीपक की तलाश में छापेमारी कर रही है।

जोहेल बोलीं- मेरा रेप कर सकता था ल्‍यूक, पर समझौते की भी कर रहीं तैयारी!


जोहेल बोलीं- मेरा रेप कर सकता था ल्‍यूक, पर समझौते की भी कर रहीं तैयारी!
आईपीएल खिलाड़ी ल्यूक पॉमर्शबैक पर छेड़खानी का आरोप लगाने और सिद्धार्थ माल्या को मानहानि का नोटिस भेजने वाली अमेरिकी नागरिक जोहल हमीद कोर्ट के बाहर समझौते कर सकती है। जोहल ने कहा है कि अगर सिद्धार्थ माल्या माफी मांग ले तो वो मामला वापस ले लेंगी। वहीं जोहल और ल्यूक के करीबी सूत्रों के मुताबिक दोनों कोर्ट के बाहर समझौता कर सकते हैं। सूत्रों के मुताबिक दोनों के वकीलों ने समझौते के कागजात भी तैयार कर लिए हैं। हालांकि अभी यह साफ नहीं है कि समझौता कितने पैसे में हो रहा है या किस शर्त पर हो रहा है। बुधवार को समझौते के कागज कोर्ट में पेश किए जा सकते हैं। 

गौरतलब है कि पटियाला हाउस कोर्ट ने ल्यूक पॉमर्शबैक को छेड़खानी के मामले में जमानत दे दी थी। दिल्ली पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है। इससे पहले जोहल ने कहा था, 'मेरा उस दिन बलात्कार हो सकता था, अगर ऐसा अमेरिका में हुआ होता तो आरोपी अब तक जेल में होता।' जोहल को बीते रविवार को ही वापस अमेरिका जाना था लेकिन तबियत खराब होने और कानूनी लफड़ों के कारण उन्होंने यह टाल दिया। जोहल के मुताबिक रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के अधिकारियों ने उसके मंगेतर साहिल परिजादा को मैच के बाद की पार्टी में बुलाया था। उसने बीते गुरुवार को पहली बार आईपीएल मैच देखा था। मैच भी उसने आरसीबी के अधिकारियों के साथ वीआईपी बॉक्स में देखा था। जोहल ने यह भी दावा किया था कि आरसीबी के अधिकारियों और खिलाड़ी अपन्ना ने उसे केस वापस लेने के लिए धमकाया भी था।

'4 बीवियों वाले योगी' ने बनाए 25 महिलाओं के अश्लील वीडियो

'4 बीवियों वाले योगी' ने बनाए 25 महिलाओं के अश्लील वीडियो
धर्मशाला से गिरफ्तार बीएसएनएल के सीनियर एसडीई आरके शर्मा उर्फ प्रशांत योगी अब तक 25 महिलाओं के अश्लील वीडियो बना चुका है। योगी ने जयश्री से शादी रचाने से पहले तीन शादियां की थीं। इनसे वह तलाक ले चुका था। उसने पत्नी पर कई मुकद्दमे चला रखे हैं जो धर्मशाला न्यायालय में विचाराधीन हैं। इनमें एक चोरी का मामला और दूसरा 10 वर्षीय बच्चे को कस्टडी में लेने का है।
बेंगलुरु से आई मेडिटेशन सेंटर में ठहरी पर्यटक महिला की शिकायत पर पुलिस ने रविवार को योगी को गिरफ्तार किया था। मेडिटेशन सेंटर से पुलिस ने एयर पिस्टल, टूटा हुआ सीपीयू और 22 सीडी बरामद की हैं। सोमवार को धर्मशाला न्यायालय ने योगी को तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजा। वहीं सर्विस रूल एक्ट के तहत बीएसएनएल ने 24 घंटे से अधिक पुलिस कस्टडी में रहने के चलते आरोपी को सस्पेंड कर दिया।
सुधेड़ में सेंटर
सुधेड़ में आरके शर्मा के निजी आवास में संचालित किए जा रहे यथार्थ मेडिटेशन इंटरनेशल सेंटर में वह बाहरी राज्यों की महिलाओं को आकर्षित कर बुलाता था। इसके लिए उसने कई वेबसाइट और ब्लॉग बनाए हैं। मेडिटेशन के नाम पर अन्य राज्यों की महिलाएं प्रशांत योगी के पास मेडिटेशन और योग सीखने आती थी। प्रशांत योगी बाथरूम में गुप्त कैमरे लगाकर उनके अश्लील वीडियो बना रहा था। यही नहीं आरके शर्मा की स्थानीय महिलाओं और युवतियों पर भी नजर थी। इसके चलते आरके शर्मा उन्हें भी अपने मेडिटेशन सेंटर के अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस बाथरूम में नहाने को प्रेरित करता था।
ओशो का अनुयायी बताया
धर्मशाला बीएसएनएल जीएम कार्यालय के तहत डब्ल्यूएलएल विंग में कर्नाटक से स्थानांतरण के बाद आरके शर्मा ने यहां यथार्थ मेडिटेशन इंटरनेशनल सेंटर शुरू किया था। योगी धर्मशाला में एक बड़ा फैशन शो करने की तैयारियों में था। वह उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर का रहने वाला है। 2009 से योगी ने खुद को ओशो का अनुयायी बताकर मेडिटेशन सिखाने का धंधा शुरू किया।
छिपाया था कैमरा
योगी ने बाथरूम में स्विच के पीछे गुप्त कैमरा छिपा रखा था। इसका कनेक्शन उसके बेडरूम में रखे कंप्यूटर से जुड़ा था। योगी की बड़ौदा में रह रही पत्नी जयश्री ने भी आरोप लगाया कि इन्हीं गलत आदतों के कारण वह जनवरी, 2010 में बच्चे को लेकर मायके लौट गई थी।
मायाजाल फैलाने के लिए लिखता था लेख
योगी ने मायाजाल फैलाने के लिए कई प्रतिष्ठित समाचार पत्रों और पत्रिकाओं में मेडिटेशन पर कई लेख भी लिखे। इससे प्रेरित होकर कई संभ्रांत परिवारों की महिलाएं उनकी शिष्य बन गईं। यही नहीं योगी ने विदेशी पर्यटकों को लुभाने के लिए नड्डी व धर्मकोट में भी मेडिटेशन केंद्र स्थापित किए हैं। जहां पर वह विदेशी पर्यटक महिलाओं को मेडिटेशन की विधियां सिखाता था।
शिकायत पर हुई कार्रवाई
बेंगलुरु से धर्मशाला आईपीएल मैच देखने आए अरुण भट्ट अपने परिवार सहित प्रशांत योगी के आश्रम में ठहरे थे। परिवार की महिला सदस्य ने गुप्त कैमरे की शिकायत की थी।